सुकमा के पूवर्ती में जनगणना रिकॉर्ड समय में पूरा, शिक्षक को कलेक्टर ने किया सम्मानित
सुकमा के पूवर्ती में जनगणना का काम पूरा कर लिया गया है. मुश्किल काम को आसान बनाने वाले शिक्षक को कलेक्टर ने सम्मानित किया.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : May 6, 2026 at 7:25 PM IST
सुकमा : घने जंगल, दुर्गम पहाड़ी और कभी भय व्याप्त सुकमा जिले का पूवर्ती गांव नई पहचान गढ़ रहा है. पूवर्ती ने जिले में एक अनूठी मिसाल कायम करते हुए जनगणना के प्रथम चरण का कार्य सबसे पहले और रिकॉर्ड समय महज तीन दिनों में पूरा कर दिखाया. इस उपलब्धि के पीछे सहायक शिक्षक एवं प्रगणक जवाराम पटेल का योगदान रहा.
शिक्षकों के समर्पण से मिली सफलता
शिक्षकों के समर्पण और अथक मेहनत ने यह साबित कर दिया कि यदि इरादे मजबूत हो तो सबसे कठिन परिस्थितियां भी राह नहीं रोक सकतीं. कलेक्टर अमित कुमार ने इस उत्कृष्ट कार्य के लिए जवाराम पटेल को कलेक्टर कक्ष में सम्मानित किया. यह सम्मान केवल एक व्यक्ति के प्रयासों का नहीं, बल्कि उस बदलते विश्वास और नई सोच का प्रतीक है, जो अब बस्तर के दूरस्थ गांवों में भी पनप रही है.

चुनौतीपूर्ण काम को किया पूरा
जवाराम पटेल बताते हैं कि उनका कार्यक्षेत्र ग्राम पुवर्ती था, जहां लगभग 950 से अधिक जनसंख्या और 234 मकान हैं. गांव में 2 आंगनबाड़ी केंद्र और 1 स्कूल संचालित है. पहली नजर में यह एक सामान्य आंकड़ा लग सकता है, लेकिन जब इन आंकड़ों के पीछे की भौगोलिक और सामाजिक परिस्थितियों को समझा जाए, तो यह कार्य किसी चुनौतीपूर्ण मिशन से कम नहीं था.
जनगणना में सबसे बड़ी समस्या स्थानीय गोंडी भाषा को समझने में आई. संवाद की कमी कई बार जानकारी जुटाने में बाधा बनी. स्थानीय स्कूल के शिक्षकों का सहयोग लिया, गांव के सामाजिक ताने-बाने को समझा और हर घर तक पहुंचने का प्रयास किया-जवाराम पटेल,शिक्षक
जवाराम पटेल का कहना है कि उन्होंने इस कार्य को एक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सेवा का अवसर माना.यही सोच उन्हें हर कठिनाई से पार ले गई. सुबह से शाम तक लगातार गांव के हर कोने में जाकर लोगों से बातचीत करना, आंकड़े जुटाना और उन्हें व्यवस्थित करना यह सब उन्होंने बिना थके, पूरे समर्पण के साथ किया.
कलेक्टर ने काम की सराहना की
कलेक्टर अमित कुमार ने इस अवसर पर कहा कि जवाराम पटेल का समर्पण, साहस और कार्य के प्रति उनकी निष्ठा अन्य जनगणना कर्मियों के लिए प्रेरणास्रोत है. उन्होंने ये भी कहा कि कठिन परिस्थितियों में भी इस तरह की प्रतिबद्धता ही प्रशासनिक कार्यों को सफल बनाती है और समाज में सकारात्मक बदलाव लाती है.
पूवर्ती जैसे दूरस्थ और पूर्व में नक्सल प्रभावित क्षेत्र में महज तीन दिनों में जनगणना कार्य पूरा होना बड़ी उपलब्धि है. जवाराम पटेल ने समर्पण, साहस और टीमवर्क का बेहतरीन उदाहरण पेश किया है.ऐसे प्रयास न केवल प्रशासनिक कार्यों को गति देते हैं, बल्कि जनता के साथ विश्वास को भी मजबूत करते हैं-अमित कुमार,कलेक्टर
शिक्षकों के सम्मान समारोह में तहसीलदार एवं चार्ज अधिकारी जगरगुंडा ग्रामीण योपेंद्र पात्रे भी उपस्थित रहे. उन्होंने भी जवाराम पटेल के कार्य की सराहना करते हुए इसे टीमवर्क और स्थानीय सहयोग का बेहतरीन उदाहरण बताया.
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