ETV Bharat / state

सीमेंट प्लांट में श्रमिक की संदिग्ध मौत, परिजनों ने लगाए हत्या के आरोप

परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर आरोप लगाते हुए चिकित्सालय परिसर में ही धरना देकर प्रदर्शन शुरू कर दिया.

सीमेंट प्लांट में श्रमिक की मौत के बाद परिजनों का धरना
सीमेंट प्लांट में श्रमिक की मौत के बाद परिजनों का धरना (ETV Bharat Chittorgarh)
author img

By ETV Bharat Rajasthan Team

Published : January 17, 2026 at 10:52 AM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

चित्तौड़गढ़ : जिले के शंभूपुरा थाना क्षेत्र में एक सीमेंट प्लांट में शुक्रवार रात एक श्रमिक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को देर रात ही जिला चिकित्सालय की मोर्चरी में रखवाया. मामले की जानकारी मिलने के बाद परिजनों में आक्रोश फैल गया. परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर लापरवाही के आरोप लगाए. शनिवार सुबह फैक्ट्री के गेट पर परिजनों एवं श्रमिकों का धरना जारी है. पुलिस के आला अधिकारी भी मौके पर मौजूद हैं. परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है.

शंभूपुरा थाने के एएसआई विक्रमसिंह ने बताया कि शुक्रवार देर शाम पुलिस को एक सीमेंट प्लांट में कार्य करने वाले ठेका श्रमिक कन्नौज निवासी नरेंद्र पुत्र ओम प्रकाश सुथार के लापता होने की सूचना मिली थी. इसका एक भाई जगदीश सुथार भी इसी फैक्ट्री में काम करता है. ऐसे में पुलिस ने नरेंद्र सुथार के मोबाइल की लोकेशन निकलवाई. मोबाइल की लोकेशन सीमेंट फैक्ट्री में ही आ रही थी.

पढ़ें. जैसलमेर पुलिस लाइन में कांस्टेबल ने की आत्महत्या, परिजन घर गए थे

पुलिस ने फैक्ट्री प्रबंधन से संपर्क किया और अन्य श्रमिकों के साथ उसकी तलाश शुरू की. इसमें सामने आया कि सीमेंट फैक्ट्री के पैकिंग प्लांट परिसर क्षेत्र में स्थित सायलो में नरेंद्र का शव मिला. इस पर उच्च अधिकारियों को सूचना दी गई. पुलिस ने मौके की फोटो एवं वीडियोग्राफी करवाई. रात को पुलिस शव को चित्तौड़गढ़ जिला चिकित्सा लेकर आई, जिसे मोर्चरी में रखवाया. इस दौरान परिजन भी साथ थे. परिजनों को रिपोर्ट देने के लिए कहा है. परिजनों की रिपोर्ट पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.

रात को चिकित्सालय में दिया धरना : शुक्रवार देर रात करीब 10 बजे मृतक के शव को जिला चिकित्सालय लाया गया था. इस दौरान परिजन व रिश्तेदार भी पहुंच गए थे. परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर आरोप लगाते हुए चिकित्सालय परिसर में ही धरना देकर प्रदर्शन शुरू कर दिया. इस दौरान फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की गई. फैक्ट्री गेट पर प्रदर्शन के दौरान डिप्टी भदेसर विनोद कुमार, शंभूपुरा थानाधिकारी धर्मराज मीणा सहित पुलिस जाप्ता तैनात रहा.

पढ़ें. जयपुर में कोचिंग छात्रा ने की आत्महत्या, बहन के साथ हॉस्टल में रह रही थी, जांच में जुटी पुलिस

फैक्ट्री गेट पर धरना : वहीं, घटना के विरोध में परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. इसके साथ ही शनिवार सुबह फैक्ट्री गेट पर धरना शुरू कर दिया. मृतक के भाई गोपाल सुथार ने बताया कि उसके दोनों ही भाई फैक्ट्री में काम करते हैं. नरेंद्र वहां ठेकेदार के तहत इलेक्ट्रिशियन है. शुक्रवार शाम को नरेंद्र नहीं आया तो जगदीश ने काफी फोन किए. बाद में पुलिस को सूचना दी. जानकारी मिली कि उसके दोनों ही पैर सिकुड़े हुए थे. उन्होंने आरोप लगाया कि फैक्ट्री में किसी ने उसकी हत्या की है. शाम को तो उसकी परिजनों से बात भी हुई थी. उसका किसी से कोई विवाद भी नहीं था. वहां सभी जगह सीसीटीवी कैमरे भी लगे हुए हैं तो उनकी जांच की जाए, वह उधर कैसे पहुंचा.