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रुड़की महिला लेखपाल मौत मामला, सीएमएस समेत तीन चिकित्सकों पर मुकदमा दर्ज

रुड़की में डिलवरी के दौरान महिला लेखपाल मौत मामले में शिकायत के बाद पुलिस ने सीएमएस समेत तीन चिकित्सकों पर मुकदमा दर्ज किया है.

revenue sub inspector dies
कॉन्सेप्ट इमेज (Photo- ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttarakhand Team

Published : December 30, 2025 at 6:34 AM IST

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रुड़की: हरिद्वार जिले में महिला लेखपाल की डिलवरी के बाद मौत के मामले में रुड़की पुलिस ने मृतका के पति की तहरीर पर रुड़की के सरकारी अस्पताल के सीएमएस समेत तीन चिकित्सकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है. मृतका के पति का आरोप है कि चिकित्सक ने उपचार में लापरवाही की और विरोध करने पर बाउंसर बुलाया, फिर पिस्टल दिखाकर धमकाया गया और जबरन मरीज को रेफर कर दिया. शिकायत के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है.

बता दें कि, राजस्व उप निरीक्षक पंकज कुमार निवासी नेहरू नगर कोतवाली गंगनहर रुड़की ने पुलिस को तहरीर दी है. तहरीर में बताया है कि बीती 25 दिसंबर को उनकी पत्नी मोनिका भावे (जो कि राजस्व उप निरीक्षक के पद पर हरिद्वार तहसील के एक गांव में तैनात थी) को डिलीवरी के लिए रुड़की के नेहरू स्टेडियम स्थित डॉक्टर शिरोमणि हॉस्पिटल में भर्ती कराया था, जहां पर शाम के समय 4 बजे नॉर्मल डिलीवरी के दौरान एक पुत्री ने जन्म लिया. आरोप है कि डिलीवरी के बाद डॉक्टर पूनम गुप्ता और उनके स्टाफ द्वारा उन्हें हॉस्पिटल के रूम नंबर 101 में शिफ्ट कर दिया गया.

पंकज के मुताबिक, वहां पर मोनिका दर्द से कराहने लगी. आरोप है कि बार-बार कहने के बाद भी डॉक्टर पूनम गुप्ता उन्हें देखने के लिए नहीं आई, लेकिन थोड़ी देर बाद स्टाफ की दो नर्स उन्हें देखने आई, जिसके बाद नर्स ने डॉक्टर को जाकर उनकी हालत बताई. इसके बाद पूनम गुप्ता उनकी पत्नी को ऑपरेशन थियेटर ले गई, जहां डॉक्टर संजय कंसल और एक अन्य चिकित्सक को भी उनके द्वारा वहां पर बुलाया गया. थोड़ी ही देर बाद डॉक्टर पूनम गुप्ता ने एक एंबुलेंस बुलाई और उनकी पत्नी को ज्वालापुर के भूमानंद अस्पताल के लिए रेफर कर दिया.

तहरीर के आधार पर तीन लोगों के खिलाफ उपचार में लापरवाही बरतने का मुकदमा दर्ज हुआ है, मामले की जांच पड़ताल की जा रही है.
- मनोहर भंडारी, गंगनहर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक -

पंकज का आरोप है कि उन्होंने जब चिकित्सक पूनम गुप्ता से बात करनी चाही तो उनके द्वारा बाउंसर बुला लिए गए और पिस्तौल दिखाकर उन्हें धमकाया गया. पंकज के अनुसार जब वह अपनी पत्नी को लेकर भूमानंद अस्पताल पहुंचे तो चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.

पंकज के अनुसार उन्होंने वहीं पत्नी के शव का पोस्टमार्टम करवाया. मामले में तहरीर मिलने के बाद गंगनहर कोतवाली पुलिस ने सरकारी अस्पताल के सीएमएस डॉक्टर संजय कंसल, डॉक्टर पूनम गुप्ता समेत एक अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है.

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