दुबई में फंसी बेटी की वतन वापसी: सांसद पिता की आंखों से छलके खुशी के आंसू
बेटी की वतन वापसी पर प्रवीण खंडेलवाल ने अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि पिछले 72 घंटे उनके जीवन के सबसे कठिन समय थे.

Published : March 3, 2026 at 10:59 AM IST
|Updated : March 3, 2026 at 12:23 PM IST
नई दिल्ली: "एक पिता का हृदय तब तक शांति नहीं हो पाता, जब तक उसकी संतान सुरक्षित न हो" यह भावुक उद्गार एक ऐसे पिता के हैं, जिसने पिछले तीन दिन और रातें गहरी चिंता और अनिद्रा के बीच काटीं. दुबई में फंसी अपनी बेटी सौम्या की सुरक्षित वापसी की खबर मिलते ही दिल्ली से भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल का गला रूंध गया और आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े.
तनाव और अनिद्रा के बीच बीती रातें
सौम्या के पिता सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि पिछले 72 घंटे उनके जीवन के सबसे कठिन समय थे. उन्होंने कहा, "मैं पिछले तीन दिनों से पूरी तरह बेचैनी पर था. न नींद थी, न चैन. हर फोन की घंटी मन में डर और उम्मीद दोनों पैदा करती थी." लेकिन अब, जब सौम्या एमिरेट्स की उड़ान से नई दिल्ली के लिए रवाना हो चुकी है और रात 2:10 AM पर लैंड करने वाली है, तो एक पिता का हृदय अपनी बेटी को गले लगाने के लिए व्याकुल रहा.
इस पूरे घटनाक्रम में भारत सरकार की सक्रियता चर्चा का विषय बनी हुई है. सांसद पिता ने विशेष रूप से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने जिस तरह से विश्व स्तर पर भारत के संबंधों को प्रगाढ़ किया है, उसी का परिणाम है कि आज संकट में फंसे भारतीयों को तत्काल राहत मिल रही है. इस रेस्क्यू मिशन में केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही. उनके व्यक्तिगत हस्तक्षेप के बाद ही कागजी और तकनीकी बाधाएं दूर हुईं और एमिरेट्स एयरलाइंस के साथ समन्वय स्थापित हो सका.
इसके साथ ही, पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के प्रति भी गहरा आभार जताया गया है. पिता के अनुसार, स्मृति ईरानी ने संकट की पूरी घड़ी में परिवार का मनोबल टूटने नहीं दिया. उनकी लगातार चिंता और सहयोग ने एक संबल का काम किया, जो एक 'गार्जियन' की तरह परिवार के साथ खड़ी रहीं.
*A father’s heart knows no peace until his child is safe — a feeling I truly realised over the last three days.
— Praveen Khandelwal (@PKhandelwal_MP) March 2, 2026
After three anxious days and sleepless nights, I am eagerly awaiting to hug my daughter Somya, who was stranded in Dubai. These hours kept me completely on…
यूएई सरकार और एमिरेट्स का मानवीय दृष्टिकोण
यह वापसी केवल कूटनीतिक जीत नहीं, बल्कि मानवीय संवेदनाओं की भी मिसाल है. दुबई में विभिन्न सरकारी विभागों और एमिरेट्स एयरलाइंस के प्रबंधन ने जिस तरह का सहयोग और देखभाल दिखाई, उसकी प्रशंसा की जा रही है. पिता ने संयुक्त अरब अमीरात की सरकार का विशेष धन्यवाद करते हुए कहा कि वहां के अधिकारियों ने सौम्या और विक्रांत की सुरक्षा को प्राथमिकता दी.
बता दें कि भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल की बेटी सौम्या भारतीय व्यापार महोत्सव में दुबई के लोगों की सहभागिता हेतु दुबई गई थी. महोत्सव के सीईओ विक्रांत अबरोल साथ थे. उन्होंने कहा सभी मीटिंग अच्छी हुई. लोगों में उत्साह था किंतु जिस दिन शनिवार रात्रि को वापिस लौटना था उसी दिन दोपहर को वायु मार्ग बंद हो गया. भारतीय एम्बेसी ऐसे सभी लोगों के संपर्क में है और यथा संभव मदद कर रही है. कल केवल दो तीन घंटे के लिए वायु मार्ग खुला और मंगलवार को लगभग 9 फ्लाइट भारत के विभिन्न शहरों के लिए उड़ान भरी.
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