जुखाला में तीसरे दिन भी धरने पर बैठे लोग, 2 घंटे तक बंद रहा NH-205, 8 पर FIR दर्ज
जुखाला कॉलेज में क्लासेज बहाल करने की मांग को लेकर तीसरे दिन भी आंदोलन जारी, सरकार को प्रदर्शनकारियों को दी ये चेतावनी.

By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : June 26, 2026 at 5:42 PM IST
बिलासपुर: जिला बिलासपुर में जुखाला कॉलेज में साइंस और कॉमर्स संकाय की कक्षाओं की बहाली की मांग को लेकर आज तीसरे दिन भी आंदोलन जारी रहा. आंदोलन के दौरान 8 प्रतिनिधियों पर एफआईआर दर्ज की गई, लेकिन इसके बावजूद भी प्रदर्शनकारियों को हौसला नहीं टूटा और वे आंदोलन स्थल पर डटे रहे. शुक्रवार को भी आंदोलनकारी करीब दो घंटे तक धरने पर बैठे रहे और इस दौरान सड़क पर आवाजाही भी बंद रही. प्रदर्शन में स्थानीय ग्रामीण, अभिभावकों और महिलाएं बड़ी संख्या में शामिल हुईं.
आंदोलन तेज करने की चेतावनी
आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उन पर एफआईआर दर्ज कर आंदोलन को दबाने की कोशिश की जा रही है, लेकिन जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा. आंदोलनकारियों ने सरकार से जुखाला कॉलेज में साइंस और कॉमर्स संकाय की कक्षाओं को दोबारा बहाल करने की मांग दोहराते हुए चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द इस मामले को लेकर सरकार ने फैसला नहीं लिया तो आंदोलन और ज्यादा तेज और उग्र किया जाएगा.
एनएच जाम करने पर FIR दर्ज
वहीं, इस दौरान क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात रहा. इस आंदोलन को लेकर थाना बरमाणा में जुखाला कॉलेज में साइंस और कॉमर्स संकाय की कक्षाएं बहाल करने की मांग को लेकर हुए प्रदर्शन और नेशनल हाईवे-205 जाम करने के मामले में एफआईआर दर्ज की गई है. एसएचओ पूजा देवी की ओर से भेजे गए रुक्का के आधार पर मामला दर्ज किया गया. एफआईआर में आरोप है कि 25 जून को डाईट चौक गसौड़ (जुखाला) में प्रदर्शन आयोजित कर नेशनल हाईवे-205 पर यातायात बाधित किया गया.
इन लोगों पर एफआईआर दर्ज
वहीं, पुलिस ने इस मामले में अमर सिंह निवासी जुखाला, ग्राम पंचायत जुखाला के प्रधान हरि राम, पंजैल खुर्द की प्रधान ममता धीमान, निहारखान बसला की प्रधान रीना देवी, पूर्व बीडीसी सदस्य नीवा देवी, जुखाला से पूर्व बीडीसी सदस्य रूपेश भट्टी, रोशन लाल ठाकुर निवासी चांदपुर और ग्राम पंचायत राजपुरा के पूर्व प्रधान सत्यदेव शर्मा समेत अन्य लोगों को नामजद किया है. एसएचओ पूजा देवी ने बताया कि मामले की जांच जारी है और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी.

