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मोहन यादव देंगे 25 जिलों के लाखों किसानों को मुआवजा, फसलें हुईं तबाह तो जागे कलेक्टर

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का मध्य प्रदेश के कलेक्टर्स को बारिश और ओलावृष्टि से बर्बाद फसलों के सर्वे का निर्देश. किसानों को मिलेगा मुआवजा.

MP Farmers Crop Collector Survey
मोहन यादव देंगे 25 जिलों के लाखों किसानों को मुआवजा (ETV BHARAT)
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By ETV Bharat Madhya Pradesh Team

Published : February 23, 2026 at 12:35 PM IST

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Updated : February 23, 2026 at 1:11 PM IST

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भोपाल : मध्य प्रदेश में फरवरी के दूसरे व तीसरे सप्ताह में तेज हवाओं के साथ बारिश व ओलावृष्टि से कई जिलों में फसलों को भारी नुकसान हुआ है. मालवा निमाड़ व ग्वालियर संभाग के जिलों में ज्यादा नुकसान हुआ है. मध्य प्रदेश के 25 जिलों में फसलों को भारी नुकसान होने से किसान परेशान हैं. तेज हवाओं के कारण फसलें खेत में गिर गईं तो कई जगहों पर ओलावृष्टि ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया.

सीएम ने सभी कलेक्टरों से मांगी रिपोर्ट

तेज बारिश व ओलावृष्टि से फसलों के नुकसान को लेकर स्थानीय विधायकों ने गांवों का दौरा किया और प्रशासन से तुरंत सर्वे शुरू करने की मांग की. इसके बाद भी कलेक्टरों ने मामले में फुर्ति नहीं दिखाई. इसके बाद विधायकों ने इसकी सूचना मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को दी. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल में अफसरों की मीटिंग बुलाकर ताजा हालातों पर चर्चा की. ये भी पता लगाने को कहा गया कि किस जिले में कितना नुकसान हुआ.

सर्वे में लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेंगे

इसके बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने प्रदेश के सभी कलेक्टरों को निर्देश दिया "बारिश-ओलावृष्टि से फसलों को हुए नुकसान का सर्वे कराएं. जिम्मेदार अफसरों को फील्ड में भेजें. सर्वे में किसी प्रकार की कोताही नहीं होनी चाहिए. सर्वे कराने के बाद मुआवजे की प्रक्रिया भी शुरू करें."

वहीं दूसरी तरफर राज्य सरकार ने अपने स्तर पर खराब फसलों का सर्वे कराकर मुआवजा और फसल बीमा आदि का लाभ दिलाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. कुछ जिलों को आपदा नियंत्रण में राज्य राहत कोष राशि भी जारी कर दी गई है.

तेज आंधी से खेतों में बिछी गेहूं-सरसों की फसलें

मध्य प्रदेश के मालवा और ग्वालियर क्षेत्र में बारिश से फसलों को ज्यादा नुकसान हुआ है. प्रदेश के 25 जिलों में फसलों को खासा नुकसान हुआ है. कृषि अधिकारियों के मुताबिक इन क्षेत्रों में तेज बारिश के साथ 63 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी भी चली, जिससे कई जिलों में फसलें खेतों में आड़ी हो गईं. गेहूं और सरसों की फसलों को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है. पिछले माह जनवरी में भी बारिश के कारण फसलों को नुकसान हुआ था. इसका सर्वे पूरा हो चुका है. कई जगहों पर मुआवजा राशि भी वितरित की गई है.

Last Updated : February 23, 2026 at 1:11 PM IST