बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस का ‘प्रयास अभियान’, अब क्यूआर कोड से होगा थाना का फीडबैक
एसपी भावना गुप्ता ने बलौदाबाजार में प्रयास अभियान का शुभारंभ किया. लोग अब थाने को लेकर सीधे अपनी राय दे सकेंगे.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : February 25, 2026 at 7:56 PM IST
बलौदाबाजार: पुलिस व्यवस्था को और ज्यादा पारदर्शी, जवाबदेह बनाने के लिए बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने क्यूआर कोड आधारित फीडबैक सिस्टम लागू कर दिया है. ''प्रयास अभियान'' के तहत जिले के सभी थाना और चौकी में फरियादी, शिकायतकर्ता और आम नागरिक अपने मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन कर सीधे अपना फीडबैक दर्ज कर सकेंगे.पुलिस कार्यालय बलौदाबाजार में पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता ने इस व्यवस्था का औपचारिक शुभारंभ किया.
कैसे काम करेगा क्यूआर कोड फीडबैक सिस्टम?
⦁ हर थाना, चौकी और पुलिस कार्यालय में एक विशेष क्यूआर कोड लगाया जाएगा.
⦁ कोई भी व्यक्ति जब थाना में अपनी शिकायत दर्ज कराने, आवेदन देने या किसी अन्य कार्य से पहुंचेगा, तो वह क्यूआर कोड स्कैन कर ऑनलाइन फीडबैक फॉर्म भर सकेगा.
⦁ फॉर्म में थाना में अनुभव, पुलिस स्टाफ के व्यवहार, शिकायत पर की गई कार्रवाई, समयबद्धता और संतुष्टि स्तर जैसे सवाल पूछे जाएंगे.
⦁ फीडबैक देने की प्रक्रिया सरल रखी गई है, ताकि हर व्यक्ति बिना झिझक अपनी बात रख सकें.
⦁ इस व्यवस्था के जरिए पहली बार थाना स्तर पर जनता की राय को संस्थागत रूप से दर्ज किया जाएगा और उसे सुधार की प्रक्रिया से जोड़ा जाएगा.
सीधे एसपी कार्यालय से मॉनिटरिंग
इस फीडबैक सिस्टम की निगरानी पुलिस अधीक्षक कार्यालय करेगा. यदि किसी थाना या चौकी के संबंध में नकारात्मक प्रतिक्रिया आती है या किसी प्रकार की लापरवाही का संकेत मिलता है, तो संबंधित थाना प्रभारी को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे.
पुलिस और जनता के बीच भरोसे की नई कड़ी
थाना में आने वाले अधिकांश लोग किसी न किसी समस्या या तनाव की स्थिति में पहुंचते हैं. ऐसे में पुलिस का व्यवहार, सुनवाई की गंभीरता और कार्यवाही की पारदर्शिता बेहद अहम हो जाती है. कई बार शिकायतकर्ता खुलकर अपनी बात नहीं कह पाते या उन्हें लगता है कि उनकी बात पर ध्यान नहीं दिया जाएगा. क्यूआर कोड आधारित यह फीडबैक व्यवस्था ऐसे लोगों को सुरक्षित और सहज मंच उपलब्ध कराएगी, जहां वे बिना किसी दबाव के अपनी राय रख सकेंगे.
‘प्रयास अभियान’ का उद्देश्य
पुलिस के मुताबिक ''प्रयास अभियान'' के तहत इस फीडबैक सिस्टम को लागू करने का मुख्य उद्देश्य कार्यक्षमता बढ़ाना, कार्यों में सुधार लाना और थाना-चौकी स्तर पर कमियों को दूर करना है. पुलिस प्रशासन का मानना है कि यदि जनता से सीधे फीडबैक मिलेगा, तो सुधार के लिए ठोस और व्यावहारिक कदम उठाए जा सकेंगे.
व्यवहार और सर्विस क्वालिटी पर फोकस
फीडबैक फॉर्म में पुलिस स्टाफ के व्यवहार, जवाबदेही और सेवा गुणवत्ता से जुड़े पहलुओं पर विशेष जोर दिया गया है. आमजन यह बता सकेंगे कि उनकी शिकायत को कितनी गंभीरता से लिया गया, उन्हें उचित मार्गदर्शन मिला या नहीं और कार्यवाही समय पर हुई या नहीं. इन बिंदुओं के आधार पर पुलिस कार्यालय संबंधित थाना और चौकी प्रभारी को सुधारात्मक निर्देश देगा। इससे न केवल कमियों की पहचान आसान होगी, बल्कि सुधार की प्रक्रिया भी तेज होगी.
जिले भर में लागू होगी व्यवस्था
यह क्यूआर कोड केवल मुख्यालय तक सीमित नहीं रहेगा. जिले के सभी थाना और चौकी में इसे अनिवार्य रूप से लगाया जाएगा.

