गहलोत बोले- बजट में पूरे मारवाड़ की उपेक्षा, रिफाइनरी को लेकर झांसा दे रही सरकार
राजस्थान बजट 2026 में पूरे जोधपुर और मारवाड़ की उपेछा. AI, रिफाइनरी और चुनाव को लेकर गहलोत ने कही बड़ी बात...

Published : February 20, 2026 at 1:24 PM IST
जोधपुर: पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भजनलाल सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि बजट में जोधपुर सहित पूरे मारवाड़ की उपेक्षा की गई है. बजट ने पूरे राजस्थान को निराश किया है. शुक्रवार को दो दिवसीय दौरे पर जोधपुर आए अशोक गहलोत ने एयरपोर्ट पर मीडिया से बात करते हुए कहा कि मारवाड़ में हर जिले की अलग-अलग स्थित है. सूखे-अकाल पड़ते रहते हैं. ऐसे में कुछ योजनाओं को सरकार को हाथ में लेना चाहिए था, लेकिन सरकार मारवाड़ के साथ उपेक्षा कर रही है. जोधपुर में 80 करोड़ का स्पोर्ट्स कंपलेक्स बंद पड़ा है. खिलाड़ियों को लाभ नहीं मिल रहा है. सुमेर लाइब्रेरी तैयार है, लेकिन बंद पड़ी है.
शहर के अस्पतालों के भवन तैयार हैं. वहां न तो डॉक्टर्स लगाए और न ही उपकरण लगाए गए हैं. रिफाइनरी को लेकर भी सरकार झांसा दे रही है. उद्घाटन की तारीखें बता रहे हैं. गहलोत ने कहा कि आगामी पंचायत चुनाव में कांग्रेस जीतेगी. एयरपोर्ट पर बड़ी संख्या में कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने गहलोत का स्वागत किया और नारेबाजी भी की.
इनके भरोसे लिफ्ट नहर का काम शुरू नहीं होता : गहलोत ने कहा कि यह तो अच्छा है कि राजीव गांधी लिफ्ट नहर का तीसरा चरण हमने हमारे समय में 1400 करोड़ रुपये की लागत से शुरू कर दिया था. अब वह काम धीमा कर दिया गया है. मैं उस समय केंद्र सरकार के भरोसे रहता तो यह काम अभी तक शुरू नहीं हो पता. जबकि इस तीसरे चरण से जोधपुर जिला आसपास के सैकड़ो गांव में पीने का पानी पहुंचेगा.
रेवेन्यू बढ़ रहा है तो जा कहां रहा है : पूर्व सीएम ने कहा कि बजट को लेकर जनता में आक्रोश भी है. एक तरफ सरकार कह रही है कि उनके राजस्व बढ़ रहा है. दूसरी ओर बुजुर्गों की पेंशन का भुगतान बकाया चल रहा है. बच्चों की छात्रवृत्ति नहीं मिल रही है, स्कूटी नहीं मिल रही है. विभागों में भुगतान नहीं होने से काम बंद हो गए हैं, फिर भी सरकार कह रही है कि हमारा रेवेन्यू बढ़ गया है. रेवेन्यू हर वर्ष बढ़ता है, लेकिन बढ़ा हुआ रेवेन्यू कहां जा रहा है? जबकि सारे काम बंद हो गए हैं.
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सुप्रीम कोर्ट की मंशा दूसरी थी : फ्रीबीज की टिप्पणी पर गहलोत ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की मनसा दूसरी थी. सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव के वक्त पैसा बांटने पर टिप्पणी की थी. बिहार में मतदान से दो दिन पहले तक लोगों के खातों में 10000 रुपये जा रहे थे. चुनाव आयोग ने उस पर रोक नहीं लगाई.

तब चुनाव रोक दिए गए थे, आज कोई देखने वाला नहीं : गहलोत ने कहा एक समय था जब टीएन सेशन चुनाव आयुक्त थे. तमिलनाडु में चुनाव के दौरान कुछ कपड़े बांट दिए गए थे, तो उन्होंने तीन दिन पहले चुनाव स्थगित कर दिए थे. जबकि बिहार में पैसा बांटते रहे, लेकिन कोई रोकने वाला नहीं था. ऐसे चुनाव में किस तरह से लोकतंत्र कायम रह सकता है. यह लोकतंत्र की हत्या जैसा है.
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एआई चमत्कार, मैं बहुत काम में लेता हूं : देश में आयोजित एआई समिट पर गहलोत ने कहा कि यह बहुत इंपॉर्टेंट है. राजस्थान के लोगों को भी इसमें पार्टिसिपेट करना चाहिए. इसके प्रति रूचि रखनी चाहिए. यह दुनिया में एक तरह की क्रांति है. इसमें कोई पीछे नहीं रहे, यह हम सबका कर्तव्य है. मैं इसका बहुत इस्तेमाल करता हूं. हर काम में इसका उपयोग करता हूं. यह एक तरह का चमत्कार है. इसे सबको प्रयोग में लेना चाहिए.

