किसी खास दुकान से ड्रेस या किताब खरीदने के लिए बाध्य नहीं कर सकते प्राइवेट स्कूल, होगा एक्शन
किसी खास दुकान से ड्रेस या किताब खरीदने के लिए बाध्य करने पर निजी स्कूल पर कार्रवाई हो सकती है. पढ़ें पूरी खबर..

Published : April 10, 2026 at 2:20 PM IST
अररिया: प्राइवेट स्कूलों की मनमानी पर जिला प्रशासन सख्त नजर आ रहा है. जिलाधिकारी विनोद दूहन ने प्रेस कांफ्रेंस कर स्पष्ट निर्देश दिया है कि कोई भी स्कूल अभिभावकों को किसी एक निर्धारित दुकान से किताब खरीदने के लिए बाध्य नहीं करेगा. अगर ऐसा किया जाता है तो शिकायत करें, कार्रवाई जरूर होगी.
कहीं से भी खरीद सकते हैं किताब-ड्रेस: डीएम ने कहा कि अभिभावक अपनी सुविधा के अनुसार कहीं से भी किताब खरीद सकते हैं. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसी स्कूल के खिलाफ इस तरह की शिकायत मिलती है तो उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
निजी स्कूलों की मनमानी पर जिला प्रशासन सख्त। जिलाधिकारी श्री विनोद दूहन ने जिलेवासियों से की अपील, निजी स्कूलों को लेकर किसी प्रकार की शिकायत हो, तो वे जिला शिक्षा पदाधिकारी के कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज कराएं।@IPRDBihar @BiharEducation_ @VinodDuhan_IAS pic.twitter.com/XBCoYh8cgM
— जिला प्रशासन अररिया(बिहार) (@DmAraria) April 9, 2026
स्कूल नहीं कर सकते बाध्य: जिलाधिकारी ने अभिभावकों से अपील की है कि किसी खास दुकान से ही ड्रेस या किताब खरीदने के लिए अगर स्कूल बाध्य करता है तो तुरंत प्रशासन को सूचना दें, ताकि दोषियों पर कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके. इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी के कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं.
डीएम ने दिखाई सख्ती: विनोद दूहन ने मीडिया से बातचीत करते हुए बताया गया कि निजी विद्यालयों की गतिविधियों पर प्रशासन की पैनी नजर है और अभिभावकों के हितों की रक्षा के लिए सख्त कदम उठाए जा रहे हैं. जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि विद्यालयों द्वारा किताबों, ड्रेस या अन्य सामग्री की सूची अपनी वेबसाइट और सूचना पट्ट पर जारी की जाएगी लेकिन अभिभावक अपनी सुविधा के अनुसार कहीं से भी इन सामग्रियों की खरीद कर सकेंगे. किसी विशेष दुकान या स्थान से खरीद के लिए बाध्य करना पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा.

शिकायत मिलने पर होगा एक्शन: डीएम ने कहा कि इस तरह की शिकायत प्राप्त होने पर संबंधित विद्यालयों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. यदि कोई विद्यालय अभिभावकों पर किसी विशेष दुकान से सामग्री खरीदने का दबाव बनाता है या निर्धारित नियमों का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
"प्राइवेट स्कूलों के संबंध में कुछ शिकायतें प्राप्त हो रही हैं कि किताबें या ड्रेस किसी खास दुकानें से खरीने की शिकायतें मिल रही है. मैं लोगों से अपील करता हूं कि अगर स्कूल आपको बाध्य करता है तो डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन ऑफिसर के ऑफिस में दर्ज कराएं. उस पर जरूरी एक्शन जरूर लिया जाएगा."- विनोद दुहन, जिलाधिकारी, अररिया
ये भी पढ़ें:
अब निजी स्कूलों की मनमानी नहीं चलेगी! फीस, री-एडमिशन, यूनिफॉर्म और किताबों को लेकर आदेश जारी
अब उम्र के हिसाब से तय होगी बच्चों की क्लास, बिहार के सरकारी स्कूलों में एडमिशन का नया नियम लागू

