गढ़वा: सोन नदी का बढ़ रहा जलस्तर! बाढ़ प्रभावित इलाकों के लिए रेड अलर्ट जारी
गढ़वा में सोन नदी का जलस्तर बढ़ते देख बाढ़ प्रभावित इलाकों में अलर्ट जारी किया गया है.

Published : September 3, 2026 at 10:13 AM IST
गढ़वा: झारखंड के गढ़वा जिले में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है. शहर से होकर गुजरने वाली सरस्वती नदी में बुधवार को एक बुजुर्ग महिला के बह जाने की सूचना है. परिजनों ने महिला की काफी खोजबीन की, लेकिन अब तक उसका कोई पता नहीं चल सका है.
रेड अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने गढ़वा जिले के लिए गुरुवार को रेड अलर्ट जारी किया है. इस बीच, एहतियात के तौर पर जिला प्रशासन ने जिले के सभी स्कूलों में दो दिन की छुट्टी घोषित कर रखी है. वहीं, कोयल, सोन और कनहर नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए पुलिस और प्रशासन की चौकसी बढ़ा दी गई है.
ग्रामीणों को सतर्क रहने की दी हिदायत
यूपी के ओबरा स्थित रिहंद डैम का चौथा फाटक खोले जाने के बाद सोन नदी के जलस्तर में भी तेजी से बढ़ोतरी की संभावना को देखते हुए केतार, भवनाथपुर और खरौंधी प्रखंड में विशेष सतर्कता बरती जा रही है. संबंधित प्रखंडों के बीडीओ और थाना प्रभारियों ने बुधवार को सोन नदी से सटे विभिन्न गांवों का दौरा कर ग्रामीणों को सतर्क किया और नदी के किनारे नहीं जाने की सख्त हिदायत दी गई. अधिकारियों ने परती, छाताकुंड, पाचाडुमर, खैरवा, कधवन और लोहरगाड़ा सहित सोन नदी के तटीय इलाकों का जायजा लिया.
गोताखोरों को अलर्ट रखने का निर्देश
वहीं, गढ़वा डीसी पीएन मिश्रा ने जिले के अधिकारियों के साथ मझिआंव और कांडी इलाके का दौरा कर बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने कोयल और सोन नदी के आसपास के इलाकों का जायजा लेते हुए ग्रामीणों को जागरूक किया. डीसी ने कहा कि रिहंद बांध का चौथा फाटक खोले जाने के बाद सोन नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी हो रही है. ऐसे में नदी के आसपास रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है.
डीसी ने कहा कि ग्रामीण मछली पकड़ने, नहाने या किसी अन्य कार्य से नदी में न जाएं. बच्चों को नदी की ओर जाने से रोकें. अगर नदी के जलस्तर में अचानक वृद्धि होती है तो तत्काल स्थानीय प्रशासन और पुलिस को सूचना दें. डीसी ने जिले के सभी बीडीओ, सीओ और थाना प्रभारियों को स्थानीय गोताखोरों को अलर्ट मोड में रखने का निर्देश दिया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके.
बारिश के बाद प्रस्ताव पर किया जाएगा कार्य: डीसी
वहीं, कुछ किसानों ने फसल बर्बाद होने को लेकर प्रशासन के समक्ष अपनी नाराजगी जताई. इस पर डीसी पीएन मिश्रा ने संबंधित अंचल अधिकारी को मौके पर जांच कर प्रतिवेदन सौंपने का निर्देश दिया. ग्रामीणों ने नदी के किनारे पक्के तटबंध के निर्माण का सुझाव भी दिया है. जिला प्रशासन ने कहा कि बरसात के बाद इस प्रस्ताव पर भी आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.
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