'क्यों नहीं कम हो रहा पटना का प्रदूषण' पटना हाई कोर्ट ने बिहार सरकार से पूछा
पटना की हवा दिन-ब-दिन जहरीली साबित हो रही है, इस पर पटना हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया है. पढ़िए

Published : December 19, 2025 at 1:07 PM IST
पटना : पटना हाईकोर्ट ने वायु प्रदूषण को लेकर चल रहे केस में राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और राज्य सरकार को यह बताने को कहा है कि आखिर किस वजह से वायु प्रदूषण हो रहा है. कोर्ट ने यह भी जानना चाहा कि वायु प्रदूषण में किन-किन का कितना अंश है. गाड़ी से कितना, धूल कण से कितना, निर्माण कार्य से कितना और अन्य कारणों से कितना वायु प्रदूषण हो रहा है. कोर्ट का कहना था कि सिर्फ गाड़ी से प्रदूषण इतना नहीं होगा कि लोग स्वच्छ रूप से सांस नहीं ले सकें.
बिहार में वायु प्रदूषण पर HC में सुनवाई : एक्टिंग चीफ जस्टिस सुधीर सिंह और जस्टिस आलोक कुमार पांडेय की खंडपीठ ने वायु प्रदूषण को लेकर छपी खबर पर स्वतः संज्ञान लेते हुए कार्रवाई शुरू की है. हाई कोर्ट की ओर से कोर्ट मित्र बहाल अधिवक्ता शम्भू शरण सिंह ने कोर्ट को बताया कि वायु प्रदूषण क्यों हो रहा है इस बारे में कोई कुछ नहीं बता रहे हैं.

'प्रदूषण कम होने के बजाये बढ़ गया' : शम्भू शरण सिंह ने कहा कि ''हर कोई प्रदूषण पर नियंत्रण करने के बारे में जानकारी दे रहे हैं.'' उनका कहना था कि 15 वर्ष पुरानी गाड़ी के परिचालन पर प्रतिबंध लगा देने से प्रदूषण कम नहीं हो जायेगा. यदि ऐसा होता तो सरकार कई वर्ष पूर्व 15 वर्ष पुरानी गाड़ियों के परिचालन पर रोक लगा दी है. प्रदूषण कम होने के बजाये बढ़ गया है.
प्रत्येक दिन पानी का छिड़काव : वहीं बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से वरीय अधिवक्ता शिवेंद्र किशोर ने कोर्ट को बताया कि प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए सीएनजी/पीएनजी के अलावा इलेक्ट्रॉनिक गाड़ियों को बढ़ावा देने के लिए सरकार को सलाह दी है. वहीं सरकारी वकील विकाश कुमार ने कोर्ट को बताया कि प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए प्रत्येक दिन पानी का छिड़काव किया जा रहा है. इसके अलावा पुरानी गाड़ियों के परिचालन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है.
पूरी जानकारी देने का आदेश : डीजल गाड़ियों को सीएनजी में परिवर्तन करने का आदेश दिया गया है. लगभग सभी कमर्शियल गाड़ी सीएनजी से चल रही हैं. कोर्ट ने कहा कि आखिर प्रदूषण किस कारण से हो रहा है. प्रदूषण में किस की कितनी भागीदारी हैं. इस बारे में नियंत्रण बोर्ड कभी सर्वे किया है. कोर्ट ने इस बारे में पूरी जानकारी देने का आदेश नियंत्रण बोर्ड और राज्य सरकार को दिया है. कोर्ट ने मामले पर अगली सुनवाई की तारीख 12 जनवरी 2026 तय की.
ये भी पढ़ें :-
पटना HC में आम उत्पादक किसानों का मुद्दा, कोर्ट ने सरकार को प्रगति रिपोर्ट पेश करने का दिया आदेश
बिहार में ट्रैफिक चालान काटने के मामले को लेकर HC में सुनवाई, सरकार को नोटिस जारी

