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UP में पहली बार : कानपुर CSJMU में पेपर सेटिंग से लेकर रिजल्ट तक, सब होगा 'AI' के हाथ

10 करोड़ रुपए का बजट, 72वीं वित्त समिति की बैठक में वीसी ने लिया बड़ा फैसला.

ai university will also be established in csjmu kanpur
कानपुर सीएसजेएमयू में AI यूनिवर्सिटी भी बनेगी. (csjmu kanpur)
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By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : February 27, 2026 at 8:46 AM IST

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Updated : February 27, 2026 at 11:57 AM IST

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कानपुर: शहर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र स्थित छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय कानपुर को अब आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस आधारित विवि में बदला जाएगा. गुरुवार को कुलपति प्रोफेसर विनय कुमार पाठक की अध्यक्षता में हुई 72वीं वित्त समिति की बैठक में यह फैसला खुद वीसी ने सभी सदस्यों के सामने लिया. इसके लिए 10 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. इसके साथ ही कैंपस के स्वास्थ्य केंद्र को अब पीपीपी मॉडल पर एक 100 बेड के अस्पताल में बदलने के लिए भी बजट प्रावधान को स्वीकृत किया गया.

बैठक में विश्वविद्यालय के खेल काम्पलेक्स को पीपीपी मॉडल पर संचालित करने के फैसले को भी मंजूरी दी गई. बैठक में वित्त वर्ष 2024-2025 की ऑडिट बैलेंस शीट को पास किया गया. बैठक में आगामी वित्तीय वर्ष 2026-2027 के लिए 487 करोड़ रुपये की आय एवं 459 करोड़ रुपये खर्च करने का प्रावधान किया गया. वित्तीय वर्ष 2026-2027 में 100 बेड की क्षमता वाले एक पुरुष एवं एक महिला छात्रावास के निर्माण को स्वीकृति प्रदान की गई.

अगले सत्र से शुरू होगा ये पाठ्यक्रम: सीएसजेएम विश्वविद्यालय कानपुर में पहली बार प्रथम वर्ष के सभी छात्रों के लिए भावनात्मक कल्याण एवं जीवन प्रबंधन शीर्षक से एक अर्हता प्राप्त पाठ्यक्रम शुरू होगा. विश्वविद्यालय के सेंटर फॉर एकेडमिक में कुलपति प्रोफेसर विनय कुमार पाठक की अध्यक्षता में हुई गुरूवार को हुई विद्या परिषद की बैठक में इस कोर्स को मंजूरी दे दी गई. यह पाठ्यक्रम छात्र-छात्राओं को जरूरी मनोवैज्ञानिक दक्षताओं एवं जीवन-कौशलों से सुसज्जित करेगा.


आगामी सत्र 2026-27 से नए कोर्स भी होंगे संचालित: विवि के कुलपति प्रो.विनय पाठक ने बताया कि विवि में विभिन्न स्कूलों व विभागों में अगामी सत्र 2026-2027 से कई नए कोर्सेज संचालित किए जायेंगे। साथ ही विश्वविद्यालय परिसर में संचालित हो रहे समस्त प्रोफेशनल पाठ्यक्रमों के लिए एक सम्पूर्ण सेमेस्टर का प्रशिक्षण (इंटर्नशिप/इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग) अनिवार्य रूप से शुरू किया जाएगा. जो नए कोर्स शुरू होंगे उनमें स्कूल ऑफ एडवांस्ड एग्रीकल्चर साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी के अंतर्गत स्नातक स्तर पर बीएससी फूड साइंस एंड टेक्नोलॉजी व परास्नातक स्तर पर एमएससी (एग्रीकल्चर) प्लांट पैथोलॉजी, एमएससी (एग्रीकल्चर) स्वाईल साइंस, एमबीए एग्री बिजनेस मैनेजमेंट शामिल हैं.


इसी तरह स्कूल ऑफ लैंग्वेजेज में गुरु तेग बहादुर साहिब सिख शोध पीठ के अन्तर्गत डिप्लोमा इन गुरु ग्रंथ साहिब स्टडीज एवं डिप्लोमा इन पंजाबी लिटरेचर, स्कूल ऑफ आर्ट, ह्यूमैनिटीज एंड सोशल साइंसेज के अंतर्गत स्नातक स्तर पर बीए ऑनर्स हिस्ट्री व परास्नातक डिप्लोमा स्तर पर पीजी डिप्लोमा इन एडवांस साइकॉलोजी कोर्स शामिल है. इसी तरह डिपार्टमेंट ऑफ फिजिकल एजुकेशन के अंतर्गत परास्नातक स्तर पर मास्टर ऑफ स्पोर्ट्स मैनेजमेंट, स्कूल ऑफ बिजनेस मैनेजमेंट के अंतर्गत परास्नातक स्तर पर एमबीए फाइनेंसियल सर्विसेज, स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के अंतर्गत स्नातक स्तर पर बी.वोक इन फैशन एंड अपैरल इिजाइन कोर्स शुरु किये जाएंगे.


बीटेक छात्रों के लिए ये प्रोग्राम भी: विश्वविद्यालय परिसर में संचालित स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में अध्ययनरत बीटेक छात्र-छात्राओं के लिए क्वांटम टेक्नोलॉजी एवं डिफेंस टेक्नोलॉजी के माइनर डिग्री कार्यक्रम को प्रारंभ किए जाएंगे.


विश्वविद्यालय परिसर के बी.ए., बी.एससी., इंटीग्रेटेड बी.एससी व एम.एससी. तथा बी.कॉम. चतुर्थ सेमेस्टर में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को नवीन व्यावसायिक पाठ्यक्रम “द फ्यूचर ऑफ वर्क” पढ़ाये जाएंगे. स्कूल ऑफ बेसिक साइंसेज़ के भौतिकी विभाग में एम.एससी. (क्वांटम टेक्नोलॉजी) पाठ्यक्रम भी इसी सत्र से शुरु होगा.

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Last Updated : February 27, 2026 at 11:57 AM IST