हैवी ब्लास्टिंग के दौरान मौत मामले में परिवार को मुआवजा, बेटे को मिलेगी नौकरी,एसईसीएल दीपका माइंस में हुआ था हादसा
एसईसीएल की दीपका माइंस में हैवी ब्लास्टिंग के दौरान पत्थर लगने से मौत मामले में मृतक के परिजनों को मुआवजा राशि दी गई है.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : January 9, 2026 at 6:13 PM IST
कोरबा: एसईसीएल की मेगा परियोजना दीपका माइंस में खनन के लिए हैवी ब्लास्टिंग से पत्थर छिटककर ग्रामीण के सिर पर लगा था. ये हादसा बुधवार को हुआ था, इलाज के दौरान अस्पताल में ग्रामीण की मौत हो गई थी. ग्रामीण की मौत के बाद सात घंटे आंदोलन चला था. अब एसईसीएल प्रबंधन ने 10 लाख रुपए मुआवजा राशि प्रदान करने और मृतक के बेटे को ठेका कंपनी में नौकरी देने का आश्वासन दिया है. घटना ने खदान की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए थे. प्रशासन ने भी नियंत्रित ब्लास्टिंग के निर्देश पूर्व में दिए थे. मामले में जांच के आदेश भी दिए गए हैं.
सिर पर पत्थर टकराने से मौत का यह पहला मामला
एसईसीएल की मेगा परियोजना दीपका खदान के सुआभोड़ी फेस में बुधवार को दोपहर तेज ब्लास्टिंग की गई थी. इस दौरान हरदीबाजार-रेकी मार्ग में घर जा रहे एक ग्रामीण लखनलाल पटेल(उम्र 60 वर्ष) के सिर पर ब्लास्टिंग से छिटक कर एक पत्थर का टुकड़ा जा लगा था. गंभीर रुप से चोट लगने पर लखनलाल की मौत हो गई थी. सूचना मिलने पर पाली एसडीएम रोहित कुमार, तहसीलदार अभिजीत सहित पुलिस बल को मौके पर तैनात किया गया था. आंदोलनकारियों को समझाइश दी गई, पर आंदोलनकारियों ने परिवार के सदस्य को नौकरी एवं एक करोड़ मुआवजा की मांग की थी.
10 लाख रुपए मुआवजा की घोषणा
पाली एसडीएम रोहित सिंह ने बताया कि तात्कालिक तौर पर मृतक के परिजनों को 5 लाख की सहायता राशि प्रदान की जाएगी. अतिरिक्त 5 लाख क्रियाकर्म और अन्य कार्यों के लिए भी प्रदान दिया जा रहा है. इस तरह कुल 10 लाख मुआवजा प्रदान दिया गया है. मृतक के एक पुत्र को निजी ठेका कंपनी में रोजगार भी प्रदान किया जाएगा.
एसईसीएल परिक्षेत्र के बाहर मुआवजा का प्रावधान नहीं
बता दें कि एसईसीएल के किसी भी खदान में परिक्षेत्र के बाहर यदि कोई हादसा होता है और वह कंपनी में कार्यरत नहीं है. तब मुआवजा का प्रावधान नहीं है. जिसके कारण इस मामले में मुआवजा प्रदान करने की सहमति नहीं बन रही थी. लेकिन लोगों के आक्रोश को देखते हुए इसकी एसईसीएल प्रबंधन ने मुआवजा राशि प्रदान करने का निर्णय लिया.

कोरबा में बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश, मास्टमाइंड सहित सात गिरफ्तार, हुए चौंकाने वाले खुलासे
अधूरे पुल और रोड ने 7 साल से रोका गांव का विकास, 3 दिन तक जाम में फंसे रहते हैं ट्रक

