कोरिया में हादसा, मिट्टी के ढेर में दबने से गई 1 मजदूर की जान, एक घायल
रेल लाइन दोहरीकरण का काम चल रहा था, तब यह हादसा हुआ.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : January 9, 2026 at 9:51 PM IST
कोरिया: अंबिकापुर-बैकुंठपुर रेल लाइन दोहरीकरण के कार्य में लगे 2 मजदूर शुक्रवार को मिट्टी के ढेर में दब गए. घटना सावांरावा पुल के पास हुई, जिसमें एक मजदूर की मौत हो गई और दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया. घायल मजदूर को सूरजपुर के निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है. हादसे के बाद ग्रामीणों में आक्रोश है. ग्रामीणों ने ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि ठेकेदार की लापरवाही के कारण मजदूर की जान गई है.
मिट्टी के ढेर में दबने से मजदूर की मौत
हादसे के बाद ग्रामीणों ने ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप लगाया है. ग्रामीणों का कहना है कि सुरक्षा उपायों के बिना ही कार्य कराया जा रहा था, जिसके कारण हादसा हुआ. हादसे के बाद ठेकेदार ने कार्य बंद करा दिया है. पटना थाने के एएसआई शैलेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि मर्ग डायरी मिलने के बाद मामले की जांच की जाएगी. मृतक की पहचान ग्राम भवराही निवासी दीना सिंह के रूप में हुई है. घायल मजदूर भी भवराही का ही रहने वाला बताया जा रहा है. मृतक मजदूर के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है. पीएम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.
ठेकेदार पर लगे गंभीर आरोप
हादसे के बाद मजदूरों की सुरक्षा की मांग उठने लगी है. मजदूरों का कहना है कि उन्हें सुरक्षा उपकरण दिए बिना ही कार्य कराया जा रहा है, जिससे उनकी जान को खतरा है. मजदूरों ने ठेकेदार से सुरक्षा उपकरण देने और सुरक्षा उपायों का पालन करने की मांग की है. मजदूरों का कहना है कि अगर ठेकेदार ने नियमों का पालन किया होता तो आज मजदूर की जान नहीं जाती. आरोप है कि काम के दौरान तय मानकों को नजरअंदाज किया गया.
मजदूरों की मांग
हादसे के बाद मजदूरों ने प्रशासन से मांग की है कि ठेकेदार के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए. मजदूरी में लगे लोगों को सुरक्षा दिया जाए. जो भी खनन के दौरान उपकरण ये सेफ्टी सिस्टम होते हैं उसका इस्तेमाल कराया जाए. मृतक मजदूर के साथियों का कहना है कि जिस मजदूर की जान गई, उसकी माली हालत खराब है. परिवार में अब उसकी पत्नी और 2 छोटे छोटे बच्चे हैं. परिवार का वह अकेला कमाने वाला शख्स था. मजदूरों ने प्रशासन से आर्थिक मदद की मांग की है.
हादसे के बाद सामाजिक संगठनों ने भी प्रतिक्रिया दी है. सामाजिक संगठनों ने ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है और मजदूरों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की बात कही है.

