एआई समिट में शर्टलेस प्रदर्शन के मामले में 9 यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं को जमानत मिली
कोर्ट ने कहा कि प्रदर्शन के समय लगाए गए नारे भड़काऊ नहीं थे और उनमें कोई धार्मिक या क्षेत्रीय रंग नहीं था.

Published : March 2, 2026 at 7:57 PM IST
नई दिल्ली: दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट ने भारत मंडपम में एआई समिट में 20 फरवरी को शर्टलेस प्रदर्शन करने के मामले में यूथ कांग्रेस के नौ कार्यकर्ताओं को जमानत दे दी है. जुडिशियल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास रवि ने जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया.
कोर्ट ने कहा कि प्रदर्शन के समय लगाए गए नारे भड़काऊ नहीं थे और उनमें कोई धार्मिक या क्षेत्रीय रंग नहीं था. प्रदर्शन के दौरान किसी भी तरह की तोड़फोड़ या लोगों को डराने का कोई सबूत नहीं मिला. कोर्ट ने कहा कि ट्रायल के पहले किसी को बिना जरुर कारण जेल में रखा जाए तो यह बिना सजा तय हुए ही सजा देने जैसा होगा. कोर्ट ने जिन यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं को जमानत दी उनमें कृष्ण हरि, नरसिंह यादव, कुंदन कुमार यादव, अजय कुमार सिंह, जितेंद्र सिंह यादव, राजा गुर्जर, अजय कुमार विमल ऊर्भ बंटू, सौरभ सिंह और अरबाज खान.
सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस ने जमानत याचिकाओं का विरोध करते हुए कहा कि यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता 20 फरवरी को एआई समित के स्थान पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की तस्वीरों वाली टी शर्ट पहनकर या हाथ में लहराते हुए पहुंचे थे. न टी-शर्ट्स पर इंडिया-यूएस ट्रेड डील, एपस्टीन फाइल्स और पीएम इज कंप्रोमाइज्ड जैसे नारे लिखे थे. पुलिस के मुताबिक एआई समिट के दौरान अंतर्राष्ट्रीय मीडिया मौजूद थी और उसी दौरान नारेबाजी की गई. दिल्ली पुलिस ने कहा कि इन प्रदर्शकारियों को रोकने के दौरान पुलिसकर्मियों से धक्का-मुक्की की गई जिसमें कुछ पुलिसकर्मी घायल हुए.
बता दें कि 26 फरवरी को कोर्ट ने इस प्रदर्शन के मामले में हिमाचल प्रदेश से गिरफ्तार तीन यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं सौरभ, अरबाज और सिद्धार्थ को तीन दिनों की पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया था. दिल्ली पुलिस इस मामले की जांच कर रही है कि इसकी साजिश कैसे रची गई। दिल्ली पुलिस प्रिंटेड स्टिकर और उसके स्रोत की जांच कर रही है. इस मामले में यूथ कांग्रेस ने अपने बयान में कहा है कि उसके कार्यकर्ता भारत मंडपम में प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर देश की पहचान को एआई समिट में खराब करने का आरोप लगा रहे थे. इस मामले में यूथ कांग्रेस के महासचिव निगम भंडारी को 24 मार्च तक की अंतरिम जमानत मिल चुकी है.

