72वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप : केरल की महिला खिलाड़ियों का दबदबा, पुरुष वर्ग में रेलवे बना विजेता
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं बृजेश पाठक ने खिलाड़ियों को ट्रॉफी प्रदान की.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : January 11, 2026 at 8:54 PM IST
वाराणसी: 72वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप में महिला वर्ग में केरल एवं पुरुष वर्ग में रेलवे विजेता हुआ है. प्रोग्राम में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं ब्रजेश पाठक ने खिलाड़ियों को ट्रॉफी प्रदान की. चैंपियनशिप में शामिल खिलाड़ियों का प्रदर्शन के आधार पर चयन राष्ट्रीय टीम में किया जाएगा. चैंपियनशिप में देश के विभिन्न राज्यों से टीम पहुंची थी. जिसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल किया था.
वाराणसी के सिगरा स्थित संपूर्णानंद स्टेडियम के इंडोर कोर्ट पर रविवार को आयोजित 72 वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप का समापन हुआ. वॉलीबॉल फाइनल मैच में कड़ाके की टक्कर देखने को मिली. इस मुकाबले में पुरुष वर्ग में जहां रेलवे के स्मैशर्स ने केरल की चुनौती को एकतरफा अंदाज में ध्वस्त कर खिताब पर कब्जा जमाया. वहीं, महिला वर्ग के रोमांचक फाइनल में केरल ने रेलवे को हराकर चैंपियन बनने का गौरव प्राप्त किया.

इस प्रकार महिला वर्ग में रेलवे व पुरुष वर्ग में केरल उपविजेता बना. जबकि हार्ड लाइन मैच में पंजाब और राजस्थान की टीमों का रहा दबदबा रहा. फाइनल मैच को देखने के सिगरा का इनडोर स्टेडियम पहली बार वॉलीबॉल प्रतियोगिता के खचाखच भरा दिखा. दर्शकों के लिए देखने के LED टीवी स्क्रीन बाहर भी लगाए गए थे. जहां सैकड़ों की संख्या में दर्शक मैच का आनंद ले रहे थे.
रेलवे ने केरला को 3-0 से हराया: रेलवे की पुरुष टीम ने अपने शानदार प्रदर्शन को जारी रखते हुए फाइनल मुकाबले में केरल को सीधे सेटों में 3-0 (25-19, 25-17, 25-19) से पराजित कर चैंपियनशिप की ट्रॉफी अपने नाम कर ली. पूरे मैच के दौरान रेलवे के खिलाड़ियों ने तालमेल और आक्रामक खेल का ऐसा नमूना पेश किया कि केरल की टीम एक बार भी मैच में वापसी नहीं कर सकी.
डॉ. सम्पूर्णानन्द स्पोर्ट स्टेडियम, सिगरा, वाराणसी में 72वीं सीनियर नेशनल वालीबॉल चैंपियनशिप- 2026 प्रतियोगिता के समापन समारोह में सम्मिलित हुआ।
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आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के कुशल मार्गदर्शन में भारत का खेल परिदृश्य अभूतपूर्व रूप से सशक्त हुआ है। आज हमारे खिलाड़ी… pic.twitter.com/Z8TR4Fj9GC
रेलवे की कप्तान अंगामुथु ने टीम की कमान संभालते हुए शुरुआती सेट से ही केरल पर मानसिक दबाव बनाया. उनके पावरफुल स्मैश मैच का टर्निंग पॉइंट रहे. रोहित कुमार शानदार खेल कौशल दिखाते हुए अंक जुटाए और टीम के आक्रमण को धार दी. जॉर्ज एंटनी नेट पर अपनी लंबाई और टाइमिंग का फायदा उठाते हुए केरल के हमलों को नाकाम किया.
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एमिल टी. जोसेफ ने कोर्ट के बीच से आक्रामक खेल का प्रदर्शन कर विपक्षी रक्षापंक्ति को भेदा. आनंद के. ने लिबरो के रूप में कोर्ट पर बिजली जैसी फुर्ती दिखाई और कई 'इम्पॉसिबल' गेंदों को उठाकर खेल में जान फूंकी. उप-विजेता रही केरल की टीम ने वापसी की कोशिश की, लेकिन लय नहीं पकड़ सकी. केरल के सेथु टी.आर. ने कप्तान के तौर पर संघर्ष किया और अपनी टीम के लिए प्रमुख स्कोरर रहे. एरीन वर्गीस ने रेलवे के ब्लॉकर्स को छकाकर कुछ अच्छे अंक हासिल किए. मुजीब एम.सी. व राहुल के. ने तालमेल के साथ रेलवे के आक्रमण को रोकने का प्रयास किया.
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केरल की बेटियों ने भारतीय रेलवे को 3-2 से दी शिकस्त: वाराणसी के सिगरा स्टेडियम के इंडोर कोर्ट पर रविवार को आयोजित 72वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप का महिला फाइनल ऐतिहासिक बन गया. रोमांच की पराकाष्ठा तक पहुंचे इस मुकाबले में केरल की बेटियों ने अपने प्रतिद्वंद्वी भारतीय रेलवे को 3-2 से शिकस्त देकर खिताब अपने नाम कर लिया. पिछड़ने के बाद शानदार वापसी करने वाली केरल की टीम ने निर्णायक सेट में रेलवे को कोई मौका नहीं दिया. मुकाबले की शुरुआत रेलवे के पक्ष में रही, जहां उन्होंने पहला सेट 25-22 से जीतकर अपनी मंशा साफ कर दी. इसके बाद केरल ने जोरदार पलटवार किया और लगातार दो सेट 25-20 और 25-15 से जीतकर अपनी पकड़ मजबूत कर ली.चौथे सेट में रेलवे ने फिर वापसी की और 25-22 से जीतकर मैच को निर्णायक पांचवें सेट में धकेल दिया. हालांकि, अंतिम सेट में केरल के दमदार स्मैश और डिफेंस के आगे रेलवे बेबस दिखी और केरल ने 15-8 से सेट जीतकर चैंपियनशिप की ट्रॉफी उठा ली.
स्कोर कार्ड:
केरला बनाम रेलवे
3-2(22-25,25-20,25-15,22-25,15-8)
पंजाब और राजस्थान ने बिखेरा जलवा, दोनों टीमों ने जीते कांस्य: चैंपियनशिप के अंतिम दिन रविवार को टूर्नामेंट (हार्ड लाइन मैच) मुकाबलों में पंजाब और राजस्थान की टीमों ने अपना दबदबा कायम करते हुए कांस्य पदक पर कब्जा जमाया. पुरुष वर्ग में जहां पंजाब ने सर्विसेज को धूल चटाई, वहीं महिला वर्ग में राजस्थान ने हरियाणा को पटखनी दी.
पुरुष वर्ग के कड़े मुकाबले में पंजाब की टीम ने अपना दबदबा कायम रखते हुए सर्विसेज को सीधे सेटों में 3-0 से करारी शिकस्त दी. इस जीत के साथ ही पंजाब ने टूर्नामेंट में तीसरा स्थान (हार्ड लाइन मैच) सुरक्षित कर लिया है. पूरे मैच के दौरान पंजाब के खिलाड़ियों ने आक्रामक खेल और बेहतरीन तालमेल का प्रदर्शन किया.
मैच की शुरुआत से ही पंजाब के खिलाड़ी हावी रहे. पहले सेट में पंजाब ने 25-21 से जीत दर्ज कर बढ़त बनाई. दूसरे सेट में सर्विसेज ने वापसी की कोशिश की, लेकिन पंजाब के डिफेंस के आगे उनकी एक न चली और पंजाब ने यह सेट 25-23 से अपने नाम किया. तीसरे सेट में पंजाब ने पूरी तरह से खेल पर नियंत्रण रखा और 25-18 के स्कोर के साथ मैच और पदक अपने नाम कर लिया.
काशी ने पहली बार मेजबानी कर रचा इतिहास: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'खेलो इंडिया' अभियान से प्रेरित नगर निगम ने धर्म और अध्यात्म की नगरी काशी में 72 वीं सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप के आयोजन ने एक नया इतिहास रच दिया है. चार जनवरी को प्रधानमंत्री ने इसका वर्चुअल शुभारंभ किया था. वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्टेडियम में खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया था. आयोजन समिति के अध्यक्ष व महापौर अशोक कुमार तिवारी ने बताया कि उत्तर प्रदेश को 42 साल के लंबे इंतजार के बाद इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता की मेजबानी का अवसर मिला है. इससे पहले साल 1984 में कानपुर ने सीनियर नेशनल वॉलीबॉल चैंपियनशिप की सफल मेजबानी की थी. तब से लेकर अब तक प्रदेश के खेल प्रेमी इस बड़े आयोजन की राह देख रहे थे. वाराणसी ही नहीं, पूरे पूर्वांचल क्षेत्र में पहली बार राष्ट्रीय स्तर वॉलीबॉल आयोजित हुआ.
एक नजर में चैंपियनशिप
- 30 राज्यों का प्रतिनिधित्व
- 06 केंद्र शासित प्रदेश
- 1044 खिलाड़ी
- 30 टीमें पुरुष वर्ग में
- 28 टीमें महिला वर्ग में
- 100 मैच रेफरी
- 60 भारतीय वॉलीबॉल संघ के अधिकारी व चयनकर्ता
- 200 वालंटियर्स
- 20 बड़े व छोटे वाहन खिलाड़ियों के पिकअप, ड्राप और साइट सीन के लिए
- 700 कमरे होटलों में आरक्षित
- 2000 लोगों का रोजाना ब्रेकफास्ट, लंच और डिनर
- 500 से अधिक होर्डिंग्स और यूनिपोल के माध्यम से प्रचार-प्रसार
- 02 क्रूज मेहमान खिलाड़ियों के गंगा दर्शन के लिए
- 08 स्टीमर गंगा आरती के लिए
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