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यूपी के मुजफ्फरनगर के एक गांव के 2500 लोग खाड़ी देशों में फंसे, परिजन लगा रहे सरकार से गुहार

ये लोग खाड़ी देशों में काम करने गए हैं. इनकी मुसीबत को देखते हुए मुज़फ्फरनगर में रह रहे इनके परिजनों की चिंता बढ़ गई है.

Muzaffarnagar Peoples stranded Gulf
मुजफ्फरनगर के एक गांव के 2500 लोग खाड़ी देशों में फंसे. (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : March 4, 2026 at 12:23 PM IST

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मुजफ्फरनगर: यूपी के मुजफ्फरनगर के एक गांव कुटेसरा के लगभग 2500 लोग खाड़ी देशों में फंसे हुए हैं. खाड़ी देशों में काम करने गए हुए है सभी लोग मुज़फ्फरनगर में परिजनों की चिंताए बढ़ गई है.

बता दें कि ईरान और यूएसए, इजरायल के बीच चल रहे युद्ध के चलते खाड़ी देशों में उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद स्तिथ कुटेसरा गांव के तकरीबन 2500 लोग फंसे हुए हैं.

बताया जा रहा है कि इस एक गांव से ही ये ढाई हजार लोग सऊदी अरब और यूएई के दुबई और अन्य खाड़ी देशों में काम करने के लिए गए हुए हैं और वह वहां फंस गए हैं.

इस मामले में परिजनों को कहना है कि वहां फंसे उनके परिवार के सदस्य बता रहे हैं कि उनके ऊपर से मिसाइल जाती हैं और अमेरिका के ठिकानों पर जाकर गिरती हैं. यहां खतरा लगातार बना हुआ है. फिलहाल ये सभी वहां पर सुरक्षित हैं, लेकिन आने वाले समय के लिए चिंताएं बनी हुई हैं, इसलिए मुजफ्फरनगर में मौजूद ये सभी पीड़ित परिवार देश की सरकार से ये गुहार लगा रहे हैं कि अगर स्थिति ज्यादा बिगड़ती है, तो उनके परिवार के लोगों को वहां से सुरक्षित निकाला जाए.

और मुजफ्फरनगर से बड़ी संख्या में लोग खाड़ी देशों में काम करने के लिए गए हुए हैं जिसके चलते यहां के जिला प्रशासन ने भी इमरजेंसी कंट्रोल रूम जिला कलेक्ट्रेट में बनाया है और उसका हेल्पलाइन नंबर 1077 भी जारी किया गया हैं कि जिससे कि कोई भी व्यक्ति जिनका अपना किसी देश में फसा हुआ हैं तो वह उसकी जानकारी दे सकता है।

आपको बता दें कि कुटेसरा गांव के पूर्व जिला पंचायत सदस्य मोहम्मद कामिल ने बताया कि हमारे गांव के लगभग 2000 या 2500 लड़के गए हुए हैं खाड़ी देश में दुबई, कतर, सऊदी भी है सारे देशों में हैं ईरान में तो बहुत ही काम होंगे बाकी और सब जगह हैं और हमारे घर से भी साथ लड़के गए हुए हैं पांच भतीजे हैं एक लड़का है एक छोटा भाई है मेरे परिवार में से ही है वे लोग रियाज में हैं नौकरी कर रहे हैं वहां पर कंपनी में हैं कोई क्लीनिंग का काम कर रहा है कोई सिलाई का कर रहा है मजदूरी करने गए हुए हैं और बच्चे बताते रहते हैं मिसाइल जा रही हैं ऊपर से जाकर लग रही हैं अमेरिका के जो और बसे हैं उन्हें पर लग रही हैं कोई कहीं गिर जाती है वह अलग बात है हमारी रात भी बात हुई थी रोजाना बात होती है और बच्चे ईद पर आने थे वह कुछ पीछे हट जाएंगे झगड़े की वजह से दिक्कत तो है वह घर नहीं आ पा रहे है।

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