रायबरेली में गलत इलाज से कोमा में गई 10 साल की बच्ची, परिजनों ने मुख्यमंत्री से लगाई न्याय की गुहार, निजी अस्पताल अवैध घोषित
ईएनटी डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप, जांच टीम का गठित.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : July 7, 2026 at 8:07 AM IST
रायबरेली: रायबरेली में ईएनटी सर्जन पर ऑपरेशन के दौरान लापरवाही का आरोप लगा है. परिजनों का आरोप है कि, ऑपरेशन के दौरान लापरवाही हुई. जिसके चलते उनकी बच्ची कोमा में चली गई. फिलहाल लखनऊ के अपोलो हॉस्पिटल में बच्ची का इलाज चल रहा है.
परिजनों का आरोप: ईएनटी सर्जन अमित सिंह ने 29 जून को अपने निजी हॉस्पिटल शाश्वत नर्सिंग होम में 10 साल की बच्ची के टॉन्सिल्स का ऑपरेशन किया था. बच्ची के पिता शरद कुमार सिंह ने बताया कि, 10 वर्षीय बेटी शिवानी सिंह की 30 जून को ऑपरेशन के दौरान हालत बिगड़ गई.
बच्ची को समय पर उचित उपचार और आपातकालीन सुविधाएं नहीं मिलीं, जिसके बाद उसे लखनऊ के अपोलो अस्पताल रेफर किया गया. जहां वह कोमा की स्थिति में भर्ती है. - शरद कुमार सिंह, शिवानी के पिता
न्याय की गुहार: परिजनों ने सरकार से इस मामले में इंसाफ की मांग की है. साथ ही डॉक्टर को कड़ी सजा देने की गुहार लगाई. पीड़ित परिवार ने जिलाधिकारी को शिकायत देकर मामले की निष्पक्ष जांच और अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है.

एक बच्ची की इलाज में लापरवाही का मामला सामने आया है. उसके टॉन्सिल का ऑपरेशन था. परिजनों ने कहा कि, डॉक्टर ने ऑपरेशन में लापरवाही की थी. इस मामले में जांच टीम गठित की गई है. - राम अवतार, सिटी मजिस्ट्रेट
एक्शन में स्वास्थ्य विभाग: परिजनों की शिकायत के बाद प्रशासन ने कार्रवाई के संकेत दिए हैं. सिटी मजिस्ट्रेट ने जांच के आदेश दिए हैं. इसके अलावा चिकित्सा अधिकारी ने भी निष्पक्ष कार्रवाई की बात कही है.

जिले में शाश्वत नर्सिंग होम में बच्चे का टांसिल का ऑपरेशन हुआ था. इसके बाद बच्चे की तबीयत बिगड़ गई. वह लखनऊ अपोलो हॉस्पिटल में भर्ती है. इस प्रकरण में जांच कराई जा रही है. जिस भी स्तर पर कोई लापरवाही मिलेगी. उस पर कार्रवाई की जाएगी- नवीन चंद्र, सीएमओ
निजी अस्पताल अवैध घोषित: शाश्वत अस्पताल के बाहर नोटिस भी लगा दिया गया है. जिसमे लिखा गया कि, शाश्वत नर्सिंग होम निकट फाउंटेन पार्क जेल रोड इंदिरा नगर रायबरेली नौदानिक स्थापन ( क्लिनिकल स्टेब्लिसमेन्ट ) में मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में पंजीकृत नही है. इसलिये यहां पर कोई भी मरीज किसी तरह की कोई भी जांच न कराएं. किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना घटित होती है, तो वह स्वयं जिम्मेदार होगा.
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