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दीपू चंद्र दास की हत्या के बाद बांग्लादेश में फिर हुई मॉब लिंचिंग, एक और हिंदू शख्स की हत्या

बांग्लादेश में भीड़ ने जबरन वसूली के आरोप में एक हिंदू शख्स को पीट-पीटकर मार डाला.

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बांग्लादेश में फिर हुई मॉब लिंचिंग (सांकेतिक तस्वीर)
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By ANI

Published : December 25, 2025 at 10:36 PM IST

3 Min Read
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ढाका: बांग्लादेश में भीड़ ने जबरन वसूली के आरोप में एक और हिंदू शख्स को पीट-पीटकर मार डाला. यह घटना ऐसे समय में हुई है, जब कुछ दिन पहले ही मैमनसिंह जिले में दीपू चंद्र दास को लिंच करके आग के हवाले कर दिया गया था.

लोकल अखबार द डेली स्टार के मुताबिक अमृत मंडल ने नाम के शख्स को बुधवार रात करीब 11 बजे बजे (लोकल टाइम) राजबाड़ी के पंग्शा उपजिला में कालीमोहर यूनियन के होसेंडांगा गांव में जबरन वसूली के आरोप में लिंच कर दिया गया. मृतक को सम्राट के नाम से भी जाना जाता था. कल रात सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और सम्राट को गंभीर हालत में बचाया.

असिस्टेंट सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (ASP) देब्रत सरकार ने गुरुवार को मीडिया को बताया कि उसे पंग्शा उपजिला हेल्थ कॉम्प्लेक्स ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने सुबह करीब 2 बजे उसे मृत घोषित कर दिया. ASP ने बताया कि सम्राट की बॉडी को पोस्टमार्टम के लिए राजबाड़ी सदर हॉस्पिटल के मुर्दाघर भेज दिया गया है.

डेली स्टार की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने मामले में मोहम्मद सलीम को गिरफ्तार किया है और उसके पास से दो हथियार, एक पिस्टल और एक बंदूक बरामद की है.पुलिस ने बताया कि सम्राट पर पंग्शा पुलिस स्टेशन में कम से कम दो केस दर्ज थे, जिसमें एक मर्डर केस भी शामिल है. स्थानीय लोगों के मुताबिक सम्राट ने एक क्रिमिनल गैंग बनाया था और वह लंबे समय से एक्सटॉर्शन और दूसरी क्रिमिनल एक्टिविटीज में शामिल था.

भारत में लंबे समय तक छिपे रहने के बाद वह हाल ही में घर लौटा और कथित तौर पर गांव के रहने वाले शाहिदुल इस्लाम से एक्सटॉर्शन के पैसे मांगे. कल रात, सम्राट और उसके ग्रुप के लोग पैसे लेने के लिए शाहिदुल के घर गए. जब ​​घर वालों ने शोर मचाया, तो स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और सम्राट की पिटाई कर दी. डेली स्टार की रिपोर्ट के मुताबिक उसके दूसरे साथी भागने में कामयाब रहे, जबकि सलीम हथियारों के साथ पकड़ा गया.

इससे पहले भारत ने मंगलवार को बांग्लादेश के हाई कमिश्नर को एक हफ़्ते में दूसरी बार तलब किया. यह पड़ोसी देश में भारत के खिलाफ बढ़ते घटनाक्रमों को लेकर रिश्तों में तनाव के बीच हुआ. यह समन बांग्लादेश के मैमनसिंह जिले में ईशनिंदा के आरोपों में दीपू चंद्र दास की लिंचिंग के बाद आया है, जिससे एक बार फिर देश में माइनॉरिटीज की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं. बांग्लादेश के अधिकारियों ने तब से कहा है कि इस बात का कोई सबूत नहीं है कि दास ने ईशनिंदा की थी.

बांग्लादेश के एजुकेशन एडवाइजर सीआर अबरार अंतरिम सरकार की ओर से दीपू दास के परिवार से मिले और मदद का भरोसा देते हुए हमदर्दी जताई. 27 साल के दीपू दास की बेरहमी से हत्या, जिसके शरीर को फांसी पर लटकाकर आग लगा दी गई थी. इस घटना को लेकर भारत में भी कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन हुए हैं.

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