राजस्थान डिजिफेस्ट टाई ग्लोबल समिट 2026 का समापन : अश्विनी वैष्णव बोले- AI डिजिटल क्रांति के समान है
मंगलवार को राष्ट्रीय AI साक्षरता अभियान का शुभारंभ और AI पोर्टल की भी लॉन्चिंग की गई.

Published : January 6, 2026 at 3:24 PM IST
|Updated : January 6, 2026 at 3:39 PM IST
जयपुर : राजस्थान डिजिफेस्ट टाई ग्लोबल समिट-2026 का मंगलवार को समापन हुआ. इसके साथ ही AI नीति लॉन्च की गई. समिट में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद, सूचना व प्रौद्योगिकी मंत्री राजस्थान सरकार, कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ मौजूद रहे. इस अवसर पर राजस्थान रीजनल एआई इंपैक्ट कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया, जिसमें राजस्थान की नई AI पॉलिसी-2026 लॉन्च की गई. साथ ही राष्ट्रीय AI साक्षरता अभियान का शुभारंभ और AI पोर्टल की भी लॉन्चिंग की गई.
केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव वर्चुअल माध्यम से कॉन्फ्रेंस से जुड़े. इस मौके पर राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि AI से हर वर्ग को मिल रहा लाभ, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में टेक्नोलॉजी की वजह से युवा ही नहीं, बल्कि किसान, महिलाएं और समाज के सभी वर्ग लाभान्वित हो रहे हैं. स्वास्थ्य, मेडिकल और शिक्षा के क्षेत्र में AI से सेवाएं बेहतर हुई हैं. उन्होंने कहा कि आज का यह आयोजन भविष्य की मजबूत नींव रखेगा. जैसे बिजली हर घर तक पहुंची, वैसे ही आने वाले समय में AI हर व्यक्ति, हर घर और हर उद्योग से जुड़ेगा.
AI के लिए ठोस रोडमैप तैयार किया गया : केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने वर्चुअल संबोधन में कहा कि AI डिजिटल क्रांति के समान है और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अब हमारे जीवन से जुड़ चुका है. आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य के तहत AI के लिए ठोस रोडमैप तैयार किया गया है. उन्होंने बताया कि अभी पश्चिमी देशों की बड़ी कंपनियां AI सुविधाएं किराए पर देकर मुनाफा कमा रही हैं, लेकिन भारत में कम लागत पर उच्च गुणवत्ता की तकनीक विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है.
बड़ी घोषणाएं : केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि 5,000 युवाओं को लघु उद्योगों के साथ जोड़कर स्किल ट्रेनिंग दी जाएगी. इसके साथ ही जयपुर में एक आधुनिक AI डेटा सेंटर स्थापित किया जाएगा. वहीं, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राजस्थान AI पॉलिसी-2026 लागू की जा रही है और अटल ज्ञान केंद्र की स्थापना की जाएगी. यहां आधुनिक लाइब्रेरी और डिजिटल सुविधाएं उपलब्ध होंगी, ताकि गांव-ढाणी तक के युवाओं को तकनीक का लाभ मिले. मुख्यमंत्री ने बताया कि राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में करीब 35 लाख करोड़ रुपए के निवेश समझौते हुए, जिनमें से 8 लाख करोड़ रुपए के प्रोजेक्ट जमीन पर उतर चुके हैं. भारत AI का उपयोग नहीं बल्कि इसका निर्माता बने, इसीलिए हमारी सरकार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर नीति लेकर आई है.
Where vision meets execution, transformation follows.#Rajasthan is turning Digitalisation, AI and Machine Learning into real-world outcomes delivering impact across sectors and building trust through action.
— Col Rajyavardhan Rathore (@Ra_THORe) January 6, 2026
The closing ceremony of #Digifest–#TiE Global Summit 2026 reflects… pic.twitter.com/DaCNqxbG0Y
AI इम्पैक्ट समिट का आयोजन : केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इम्पैक्ट समिट का आयोजन फरवरी में नई दिल्ली में होगा. पूरे विश्व की नजर भारत पर टिकी होंगी. उन्होंने कहा कि 'मुझे जयपुर आने का सौभाग्य मिला और सूचना और प्रौद्योगिकी क्षेत्र में राजस्थान लगातार विकास कर रहा है. मुझे यह देखने को मिला कि राजस्थान में स्टार्टअप्स को राज्य सरकार काफी प्रोत्साहित कर रही है'.
AI पॉलिसी में क्या प्रमुख
- AI से सिलिकोसिस मरीजों की पहचान
- राजस्थान सम्पर्क 181 के AI वॉइस बॉट से समस्याओं का समाधान
- 4 लाख सरकारी स्कूलों में कमजोर विद्यार्थियों को AI से सीखने में मदद
- राज निवेश चैटबॉट से निवेशकों को अपने आवेदन की रियल टाइम जानकारी
- AI से लाखों किसानों को फसल के पोषण और बीमारियों की पहले से ही जानकारी
- AI आधारित नए पब्लिक प्लेटफॉर्म
- उद्योगों को AI अपनाने हेतु विशेष प्रोत्साहन
- सरकारी सेवाओं में AI का और अधिक इस्तेमाल
- स्कूल, IT। एवं विश्वविद्यालयों में AI एज्यूकेशन पर विशेष जोर
- 50,000+ युवाओं व 20,000+ सरकारी अधिकारियों को AI प्रशिक्षण
- बूटकैंप, हैकेथॉन, इनोवेशन चैलेंज आदि के माध्यम से AI को बढ़ावा

