ETV Bharat / bharat

नौकरी का झांसा देकर भेजता था कंबोडिया, NIA का बिहार में छापा

मानव तस्करी से जुड़े मामले में एनआईए ने बिहार में छापा मारा है. मोतिहारी और गोपालगंज में आरोपी से 5 घंटे तक पूछताछ हुई है.

NIA Raid In Motihari
मोतिहारी में एनआईए का छापा (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Bihar Team

Published : July 7, 2026 at 3:02 PM IST

5 Min Read
Choose ETV Bharat

मोतिहारी: बिहार के मोतिहारी में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बड़ी कार्रवाई की है. मानव तस्करी और अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड नेटवर्क से जुड़े मामले में पूर्वी चंपारण जिले के फेनहरा थाना क्षेत्र स्थित कालूपाकड़ गांव में मंगलवार सुबह दबिश दी. एजेंसी की टीम ने आरोपी मोहम्मद कलामुद्दीन के घर पर छापेमारी करते हुए करीब पांच घंटे तक गहन पूछताछ की. 13 जुलाई को पटना में पेश होने को कहा है.

मोतिहारी में एनआईए का छापा: जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब 5 बजे एनआईए की टीम सुरक्षा बलों के साथ कालूपाकड़ गांव पहुंची. टीम ने घर को घेरकर तलाशी अभियान शुरू किया. इस दौरान घर के सभी सदस्यों से पूछताछ की गई और कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों और डिजिटल जानकारियों की जांच की गई.

नौकरी का झांसा देकर भेजता था कंबोडिया: मोहम्मद कलामुद्दीन पर आरोप है कि वह युवकों को विदेश में अच्छी नौकरी दिलाने का झांसा देकर कंबोडिया भेजने वाले नेटवर्क से जुड़ा हुआ था. प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वह गोपालगंज के एक युवक के संपर्क में आया था और उसी के माध्यम से विदेश भेजने की प्रक्रिया में सहयोग करता था. कंबोडिया जाने वाले युवकों के लिए टिकट और यात्रा संबंधी व्यवस्थाएं कराने में मदद करता था.

युवकों को बंधक बनाने का आरोप: जांच में यह भी सामने आया है कि कंबोडिया पहुंचने के बाद कई भारतीय युवकों को उनकी इच्छा के विरुद्ध वहां बंधक बनाकर रखा जाता था। इसके बाद उनसे ऑनलाइन साइबर फ्रॉड, फर्जी कॉल सेंटर, डिजिटल ठगी और अन्य साइबर अपराध करवाए जाते थे. विरोध करने पर उन्हें प्रताड़ित किए जाने और भारत लौटने की अनुमति नहीं देने जैसी शिकायतें भी सामने आई है.

क्या है मामला?: सूत्रों के अनुसार, मोहम्मद कलामुद्दीन का नाम एनआईए के केस RC-10/2024/NIA/DLI में शामिल है. यह मामला मानव तस्करी, विदेशी साइबर अपराध सिंडिकेट और भारतीय युवकों को धोखे से विदेश भेजने वाले गिरोह की जांच से जुड़ा हुआ है. एजेंसी का मानना है कि यह नेटवर्क कई राज्यों में सक्रिय हो सकता है और इसके तार विदेशों तक फैले हुए हैं.

दस्तावेजों की जांच: छापेमारी के दौरान एनआईए अधिकारियों ने आरोपी से उसके संपर्कों, बैंक लेन-देन, विदेश यात्रा, मोबाइल कॉल डिटेल, सोशल मीडिया अकाउंट और विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्म पर हुई बातचीत के बारे में विस्तार से पूछताछ की. इसके बाद उसका मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया ताकि उसमें मौजूद चैट, कॉल रिकॉर्ड, दस्तावेज और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की फॉरेंसिक जांच की जा सके.

गोपालगंज में छापेमारी: दूसरी ओर गोपालगंज में भी NIA ने मानव तस्करी और विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वाले रैकेट का भंडाफोड़ किया. शहर के साधु चौक स्थित एक स्थानीय ट्रैवल एजेंट प्रदीप सिंह के घर में छापेमारी की. कोने-कोने को खंगाला और कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों को अपने कब्जे में लिया. टीम ने आरोपी से विदेश भेजने की प्रक्रिया, पासपोर्ट, वीजा, लेनदेन और अन्य संबंधित पहलुओं पर विस्तार से पूछताछ की.

NIA Raid In Motihari
गोपालगंज में इसी घर में हुई छापेमारी (ETV Bharat)

नौकरी के नाम पर साइबर क्राइम: नगर थाना क्षेत्र के साधु चौक वार्ड में 6 निवासी प्रदीप सिंह पेशे से ट्रैवेल एजेंट है. पिछले दो साल पहले पश्चिम चंपारण बेतिया जिले के रहने वाले एक युवक को एजेंट प्रदीप सिंह ने बेहतर नौकरी व अधिक वेतन का झांसा देकर कंबोडिया भेज दिया गया था. जहां उसे प्रतिकूल परिस्थितियों में काम करने के लिए मजबूर होना पड़ा और साइबर अपराध जैसे अवैध कामों में धकेल दिया गया.

एनआईए से की थी शिकायत: जैसे-तैसे वहां से जान बचाकर भारत लौटने के बाद, पीड़ित युवक ने इस पूरे अंतरराष्ट्रीय रैकेट की शिकायत एनआइए के पोर्टल पर की थी. पीड़ित की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू की और साक्ष्य जुटाने के क्रम में एनआईए की टीम ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से गोपालगंज के साधु चौक वार्ड नंबर पर स्थित एजेंट के आवास पर दबिश दी.

13 जुलाई को पटना बुलाया: एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि जांच अभी जारी है और डिजिटल साक्ष्यों की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. अगर जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल मोहम्मद कलामुद्दीन और प्रदीप सिंह को गिरफ्तार नहीं किया गया है लेकिन उसे पूछताछ के लिए नोटिस देकर 13 जुलाई को पटना बुलाया गया है.

एनआईए कर रही पर्दाफाश: पिछले कुछ वर्षों में दक्षिण-पूर्व एशिया के कई देशों, विशेषकर कंबोडिया, म्यांमार और लाओस में भारतीय युवकों को नौकरी का लालच देकर ले जाने और वहां साइबर फ्रॉड में जबरन शामिल कराने के कई मामले सामने आए हैं. इन्हीं मामलों को गंभीरता से लेते हुए एनआईए विभिन्न राज्यों में लगातार छापेमारी कर ऐसे नेटवर्क का पर्दाफाश कर रही है.

ये भी पढ़ें:

मोतिहारी में NIA की बड़ी रेड, साइबर फ्रॉड और हवाला कारोबार में नेपाली युवक गिरफ्तार

मोतिहारी में एनआईए की रेड, पीएफआई के 2 सदस्य गिरफ्तार.. हथियार भी बरामद

मोतिहारी में एनआईए की रेड, सज्जाद अंसारी के घर की ली गई तलाशी