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जनकपुरी हादसा: दिल्ली पुलिस ने दर्ज किया FIR, जल मंत्री प्रवेश वर्मा ने सुरक्षा चूक पर तीन इंजीनियरों को किया निलंबित

दिल्ली पुलिस ने जल बोर्ड के अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है.

मंत्री प्रवेश वर्मा ने सुरक्षा चूक पर तीन इंजीनियरों को किया निलंबित
मंत्री प्रवेश वर्मा ने सुरक्षा चूक पर तीन इंजीनियरों को किया निलंबित (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Delhi Team

Published : February 6, 2026 at 7:34 PM IST

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नई दिल्ली: जनकपुरी स्थित जोगिंदर सिंह मार्ग पर बीती रात हुए हादसे में कमल नाम के शख्स की मौत का संज्ञान लेते हुए दिल्ली पुलिस ने जल बोर्ड के अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है. पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया. उक्त स्थान पर पिछले कई महीनों से सीवर लाइन से जुड़ा कार्य चल रहा था.

प्रारंभिक निरीक्षण में सामने आया कि चल रहे सीवर प्रोजेक्ट के तहत लगभग 6 मीटर लंबा, 4 मीटर चौड़ा और करीब 4.25 मीटर गहरा गड्ढा खोदा गया था. हालांकि सड़क के कुछ हिस्सों पर बैरिकेडिंग की गई थी, लेकिन प्रारंभिक तौर पर यह पाया गया कि खुदाई स्थल के आसपास सुरक्षा व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरी तरह नहीं थीं तथा वहां दोपहिया वाहनों की आवाजाही जारी थी, जिससे सार्वजनिक सुरक्षा को गंभीर खतरा उत्पन्न हुआ.

नोएडा सेक्टर 150 में हुई एक समान घटना के बाद 24 जनवरी को दिल्ली जल बोर्ड द्वारा सभी अधिकारियों एवं कार्यदायी एजेंसियों को सुरक्षा मानकों के सख्त पालन को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए थे. इसी प्रकार पीडब्ल्यूडी तथा सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग द्वारा भी सुरक्षा संबंधी निर्देश प्रसारित किए गए थे. दिल्ली सरकार के जल मंत्री प्रवेश वर्मा ने माना कि वर्तमान घटना से इन निर्देशों के जमीनी स्तर पर क्रियान्वयन एवं निगरानी में कमी उजागर हुई है. सुरक्षा व्यवस्था में पर्यवेक्षण और अनुपालन में हुई चूक को गंभीरता से लेते हुए मंत्री ने संबंधित कार्यकारी अभियंता, सहायक अभियंता, कनिष्ठ अभियंता को तत्काल निलंबित करने के आदेश दिए हैं.

जल मंत्री प्रवेश वर्मा ने ये भी बताया कि यहां काम कर रही एजेंसी के विरुद्ध जांच प्रारंभ कर दी गई है. दोष सिद्ध होने की स्थिति में ब्लैकलिस्टिंग सहित कड़ी कार्रवाई की जाएगी. इस बीच दिल्ली पुलिस ने भी मामले में एफआईआर दर्ज कर स्वतंत्र जांच शुरू कर दी है. इसके अतिरिक्त दिल्ली जल बोर्ड द्वारा एक उच्चस्तरीय जांच समिति गठित की गई है, जो जिम्मेदारी तय करने, प्रक्रियागत खामियों की समीक्षा करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने हेतु सुधारात्मक उपाय सुझाएगी.

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आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने शुक्रवार को जनकपुरी में घटना स्थल का दौरा किया, जहां सड़क में खोदे गए गड्ढे में गिर कर बाइक सवार की मौत हो गई थी. उन्होंने घटना स्थल के चारों तरफ बड़ी बारिकी से मुआयना किया और पाया कि दिल्ली पुलिस ने भाजपा सरकार को बचाने के लिए घटना स्थल पर छेड़छाड़ की है. उन्होंने कहा कि गड्ढे में गिरने से एक परिवार का चिराग बुझ गया और पुलिस फर्जीवाड़ा करके भाजपा सरकार को बचाने में लगी है. अगर पहले से ही गड्ढे के चारों तरफ बैरिकेडिंग थी तो क्या बाइक सावार हवा में उड़कर अंदर आ गिरा? पुलिस ने जानबूझ कर पीड़ित परिवार को लोकेशन देने के बाद डिलीट कर दिया, ताकि घटना स्थल पर छेड़छाड़ कर सरकार को बचा सके.

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि क्राइम सीन पर सड़क के एक तरफ 8 फुट ऊंची बैरिकेडिंग है, जिसके ऊपर तार लगी हुई है. सड़क के दूसरी तरफ और तीसरी तरफ भी इतनी बड़ी लोहे की बैरिकेडिंग है और गड्ढे के दूसरी तरफ भी बैरिकेडिंग है. सीधे तौर पर दिल्ली पुलिस ने क्राइम सीन में बदलाव करके खुल्लम-खुल्ला फर्जीवाड़ा किया है. जब चारों तरफ बैरिकेडिंग और बाउंड्री है, तो क्या बाइक सवार युवक हवा में उड़कर गड्ढे में आ गया? यहां बाइक सवार तभी गिर सकता है जब कोई उसे ऊपर से हवाई जहाज से फेंक दे. क्या कोई सरकार इस हद तक गिर सकती है कि सिर्फ यह साबित करने के लिए कि सरकार की गलती नहीं थी और लड़का खुद ही गड्ढे में गिरकर मर गया. यह देखकर साफ पता चलता है कि क्राइम सीन पर बाद में चारों तरफ से लोहे के बैरिकेड लगाए गए?

सौरभ ने कहा, पिछले तीन दिनों से खबर चल रही है कि दिल्ली के अंदर साल के पहले 15 दिनों में 800 से ज्यादा लोग गायब हो गए हैं. इसमें बड़ी संख्या में 12, 13 और 14 साल की नाबालिक लड़कियां हैं. जब इसके बारे में सवाल पूछा जाता है, तो पुलिस एफआईआर दर्ज करने की धमकी दे रही है. पुलिस हमारे खिलाफ सैकड़ों एफआईआर दर्ज कर लें. हम भाजपा की ईडी, सीबीआई और पुलिस की एफआईआर से नहीं डरते हैं. नोएडा वाले मामले में भी एक हफ्ते तक कमेटी की बातें होती रहीं लेकिन नतीजा कुछ नहीं निकला, इसलिए यहां भी कमेटी बनाने से कुछ होगा. पुलिस को सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक कर बताना चाहिए कि रात को यहां क्या हुआ था और सुबह-सुबह यह बैरिकेडिंग किसने की?

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