सेप्टिक टैंक में दम घुटने से 4 मजदूरों की मौत, बिहार के गोपालगंज में बड़ा हादसा
गोपालंगज में दर्दनाक हादसा हुआ है. दम घुटने से 4 मजदूरों की जान चली गई है. रिपोर्ट- अटल बिहारी पांडेय.

Published : August 29, 2026 at 3:31 PM IST
गोपालगंज: बिहार के गोपालगंज में सैप्टिक टैंक में दम घुटने से चार मजदूरों की मौत हो गई है. घटना गोपालपुर थाना क्षेत्र के सवनही जगदीश गांव की है, जहां शनिवार को शौचालय की टंकी की सेंटरिंग खोलने उतरे चार मजदूरों की दम घुटने से मौत हो गई. इस घटना के बाद से पूरे इलाके में कोहराम मचा हुआ है. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
गोपालगंज में बड़ा हादसा: स्थानीय लोगों ने बताया कि, गांव में मजदूर रेशमा खातून के मकान में शौचालय की टंकी का निर्माण कार्य चल रहा था. टंकी की ढलाई के बाद उसके अंदर लगाई गई लकड़ी और बांस की सेंटरिंग को हटाने के लिए मजदूर बंटी नीचे उतरा. काफी देर तक जब वह बाहर नहीं निकला तो उसे देखने के लिए एक-एक करके तीन अन्य मजदूर भी सेप्टिक टैंक के भीतर उतर गए.
गोपालगंज में सेफ्टिक टैंक बना मौत का कुआं: कहा जा रहा है कि टंकी काफी समय से बंद थी, जिससे उसके अंदर जहरीली और दमघोंटू गैस बनी हुई थी. अंदर जाते ही चारों मजदूर जहरीली गैस की चपेट में आ गए और उनका दम घुटने लगा. इस बीच, बाहर खड़े एक अन्य मजदूर सेराज जैसे ही अंदर गया, उसे भी गैंस ने अपनी चपेट में लिया. हालांकि दूसरे मजदूरों ने उसे तुरंत बाहर निकाल लिया.
मृतकों में 3 एक ही गांव के निवासी: इधर घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे. देखते ही देखते काफी संख्या में ग्रामीण इकट्ठा हो गए. स्थानीय लोगों की मदद से काफी मशक्कत के बाद टंकी की दीवार को तोड़कर और सीढ़ी के सहारे चारों मजदूरों को बेहोशी की हालत में बाहर निकाला गया. आनन-फानन में सभी को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. मृतकों में तीन एक ही गांव के निवासी है.

भाई को बचाने की तड़प में गई राकेश की जान : घटना से जुड़ी एक और भावुक और दुखद बात यह सामने आई कि राकेश बैठा का बड़ा भाई धनेश बैठा वहां सेंटरिंग का काम कर रहा था. शुरुआती मजदूरों के अंदर फंसने पर धनेश को अनहोनी का शक हुआ और वह अन्य ग्रामीणों को मदद के लिए बुलाने भागा. इसी बीच, घर पर मौजूद उसके छोटे भाई राकेश बैठा को किसी ने फोन कर घटना की जानकारी दे दी. अपने भाई की जान खतरे में जानकर राकेश बदहवास हालत में मौके पर पहुंचा और बिना सोचे-समझे टंकी में कूद गया. अफसोस कि वह भी जहरीली गैस की चपेट में आ गया और वापस बाहर नहीं निकल सका.
''मेरा नाती था, जिसे बचपन से ही पाल पोश कर बड़ा किया था मेरा कोई बेटा नहीं है. नाती को ही अपने पास रखकर देखभाल किया और बड़ा किया था ताकि बुढ़ापा का मेरा सहारा बनेगा, लेकिन शौचालय की टंकी में दम घुटने से मेरे नाती समेत चार लोगों की मौत हो गई है.''- इस्लाम अंसारी, मृतक सब्बे आलम के नाना
मृतकों की पहचान:-
- उमेश यादव (उम्र- 35 वर्ष, पिता- विश्वनाथ यादव, ग्राम- सवनही वृत्त, थाना गोपालपुर),
- जावेद आलम (उम्र- 31 वर्ष, पिता- मो. ज्ञासुद्दीन, ग्राम- सवनही बाजार)
- राकेश बैठा (उम्र- 26 वर्ष, पिता- स्वर्गीय रामचंद्र बैठा, ग्राम- सवनही पट्टी, थाना- श्रीपुर)
- सब्बे आलम (उम्र- 18 वर्ष, पिता- सुल्तान आलम, ग्राम- गिदहा, थाना- श्रीपुर) के रूप में हुई है.
पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा : घटना की सूचना मिलते ही गोपालपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. इस बीच जिलाधिकारी के निर्देश पर जांच के आदेश दिए गए हैं. टीम सुरक्षा मानकों और हादसे का कारण की जांच करेगी.
''गोपालपुर थाना क्षेत्र के सवनही जगदीश गांव का मामला है. जहां नवनिर्मित मकान में बने शौचालय की टंकी का सेट्रिंग खोलने के दौरान चार लोगों की मौत हुई है. सभी शवों का पोस्टमार्टम कराया गया है. मामले की जांच कर अग्रेत्तर कार्रवाई की जा रही है. फिलहाल स्थिति सामान्य है.''- आनन्द मोहन गुप्ता, हथुआ एसडीपीओ
ये भी पढ़ें :-
भागलपुर के नवगछिया में बड़ा हादसा, सेप्टिक टैंक में दम घुटने से तीन मजदूरों की मौत
पटना के बाढ़ में 4 लोगों की दम घुटने से मौत, सेप्टिक टैंक की सेंटरिंग खोलने उतरे थे सभी

