आंध्र प्रदेश : ONGC के कुएं में लगी आग की लपटों में आई कमी, काबू करने में लगेंगे कुछ और दिन
आंध्र प्रदेश में तेल के कुएं में लगी आग की लपटों में कमी आ गई है. इस पर जल्द ही नियंत्रण कर लिया जाएगा.

Published : January 7, 2026 at 2:46 PM IST
अमलापुरम (आंध्र प्रदेश): डॉ. बीआर अंबेडकर कोनासीमा जिले में आग अभी भी काबू में नहीं आई है. बताया जाता है कि सोमवार दोपहर मलिकिपुरम मंडल के इरुसुमंडा में ओएनजीसी के एक कुएं से 30 मीटर की ऊंचाई तक आग की लपटें उठीं थीं.
हालांकि मंगलवार तक आग की तीव्रता कम आई, लेकिन आग की लपटें अभी भी 10 से 15 मीटर की ऊंचाई तक उठ रही हैं. ओएनजीसी की लगातार की जा रही कोशिश के बीच कुएं में गैस का प्रेशर लेवल धीरे-धीरे कम हो रहा है.
संकट प्रबंधन टीम (CMT) और आरसीएमटी के सदस्यों ने ज़मीन पर काम शुरू कर दिया है. नरसापुरम ओएनजीसी यूनिट से अत्याधुनिक उपकरण और गाड़ियां मंगाई गई हैं.
साथ ही आग को फैलने से रोकने और गर्म हवा को फैलने से रोकने के लिए पानी का स्प्रे करने के लिए खास मोटर लगाए गए हैं. मंगलवार सुबह से रात तक लगातार पानी पंप करने से कुएं के पास के इलाके में गर्मी कम हो गई है. इससे जुड़े सूत्रों का कहना है कि ये उपाय अगले चार या पांच दिनों तक जारी रहेंगे.
प्रारंभिक उपाय लगभग पूरे होने वाले हैं. क्योंकि कुएं से निकलने वाली आग को एक साथ कंट्रोल करने में टेक्निकल दिक्कतें आ सकती हैं, इसलिए इसे धीरे-धीरे कंट्रोल करने की कोशिश की जा रही है. खेतों के बीच से एक अस्थायी सड़क का निर्माण शुरू हो गया है. एक इंजीनियरिंग ऑफिसर ने बताया कि इसके बुधवार दोपहर तक पूरा होने की उम्मीद है.
लीकेज को रोकने के लिए भारी गाड़ियों के साथ मिट्टी भरने वाली मशीन को कुएं तक लाने के लिए इस अस्थायी सड़क का इस्तेमाल किया जाएगा.
विशेष टीमों द्वारा निरीक्षण
ओएनजीसी की स्पेशल टीमें, जो आग बुझाने जैसी गंभीर स्थितियों को अच्छे से कंट्रोल करने में माहिर हैं, दिल्ली और मुंबई से आ गई हैं. इस ऑपरेशन की देखरेख टेक्नोलॉजी और फील्ड सर्विसेज़ के डायरेक्टर विक्रम सक्सेना कर रहे हैं. वहीं रीजनल डिज़ास्टर मैनेजमेंट टीम (RCMT) के हेड श्रीहरि हालात का जायज़ा ले रहे हैं और स्टाफ़ को निर्देश दे रहे हैं.
ओएनजीसी के एक अधिकारी ने बताया कि उन्हें कई इलाकों में आग को बुझाने को सफलतापूर्वक कंट्रोल करने का अनुभव है. आग पर पूरी तरह काबू पाने के बाद, कुएं के अंदर लीक का पता लगाया जाएगा, और उन्हें कंट्रोल करने के लिए केमिकल वाला मिट्टी का मिक्सचर तेज़ी से लगाया जाएगा.
इसमें चार या पांच दिन से ज़्यादा समय लगने की उम्मीद है. अमलापुरम के सांसद हरीश माथुर और राजोलू के विधायक देवा वरप्रसाद लखावरम में कैंप कर रहे हैं और हालात पर नजर रख रहे हैं.
नियंत्रण में आ रहा है: ओएनजीसी
ओएनजीसी के अधिकारियों ने दिल्ली से एक बयान जारी कर कहा कि आग धीरे-धीरे कंट्रोल में आ रही है. उन्होंने बताया कि कंपनी के सीनियर मैनेजमेंट और डायरेक्टर विक्रम सक्सेना की टीम ने कुएं के ऑपरेशन की पूरी जिम्मेदारी ली है. उन्होंने बताया कि उच्च क्षमता का पंप लगाने के लिए अस्थायी नहर की खुदाई का काम पूरा हो गया है. उन्होंने यह भी बताया कि विशेषज्ञों की टीम आग की तेजी को कम करने में कामयाब रही है.
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