"सदन के वीडियो पर FIR दुर्भाग्यपूर्ण", विधानसभा अध्यक्ष ने पंजाब डीजीपी और जालंधर कमिश्नर को किया जवाब-तलब
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने तीन अधिकारियों को नोटिस भेजकर किया तलब

Published : January 10, 2026 at 1:18 PM IST
नई दिल्ली: दिल्ली विधानसभा में आतिशी की गुरुओं पर टिप्पणी वाली कथित वीडियो पर जालंधर पुलिस द्वारा दिल्ली सरकार के मंत्री कपिल मिश्रा के एक्स पोस्ट पर एफआईआर करने का मामला गरमा गया है. अब इसको लेकर दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने प्रेस कॉन्फ्रेंस किया. उन्होंने कहा कि सदन के वीडियो पर बाहर एफआईआर दर्ज किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है. यह वीडियो सदन की संपत्ति है. हमने इसे लेकर डीजीपी पंजाब और जालंधर पुलिस कमिश्नर सहित तीन प्रमुख अधिकारियों को नोटिस जारी कर 48 घंटे के भीतर ( 12 जनवरी या उससे पहले) जवाब मांगा है.
स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने कहा, ''यह रिकॉर्डिंग विधानसभा की है. इस पर सदन का अधिकार है. न कि किसी राजनीतिक दल का और न किसी व्यक्ति विशेष का. पंजाब पुलिस को बताना होगा कि उसने किस अधिकार से इस वीडियो पर दिल्ली सरकार के मंत्री के खिलाफ एफआईआर कर उसकी जांच करवाई है. यह भी चिंताजनक है कि नेता विपक्ष आतिशी कई दिन तक सदन में आई ही नहीं.''
''विपक्ष के सदस्य मेरे कक्ष में आए और उन्होंने यह मांग की कि वीडियो की जांच फॉरेंसिक साइंस लैब से करवाइए. हमने इस सदन के सदस्यों की भावनाओं के अनुसार, जबकि कोई जरूरत नहीं थी. लेकिन फिर भी उनके कहने पर हमने इसे जांच के लिए भेज दिया. जब हमने इसे जांच के लिए भेज दिया तो नाटकीय ढंग से अचानक जालंधर में और पंजाब का क्या मामला था? क्या लेना देना था? क्या जरूरत थी? जब सदन ने खुद कार्रवाई कर ली है. इनका प्रयास संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करना है.''- विजेंद्र गुप्ता, दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष
साजिश में शामिल लोगों पर होगी कार्रवाई
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा, ''मैं यह सुनिश्चित करना चाहता हूं कि साजिश में जो भी लोग प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से शामिल पाए जाएंगे. उनके खिलाफ यह सदन कठोरतम कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगा. अगर आप कहते हैं कि सदन की वीडियो क्लिप में छेड़छाड़ की गई है. फॉरेंसिक साइंस लैब से हमने वो दस्तावेज भी मंगवाए हैं और ज़रूरत पड़ी तो इसके बाद और भी लोगों को नोटिस दिया जा सकता है.''
#WATCH दिल्ली: दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा, " जो कल घटित हुआ है अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। इससे दिल्ली विधानसभा के विशेषाधिकार पर चोट हुई है। ये भारत के संविधान पर चोट की गई है। जिस वीडियो के आधार पर fir दर्ज की गई है। वह किसी व्यक्तिगत माध्यम की रिकॉर्डिंग नहीं… pic.twitter.com/OuWZ4nrQzA
— ANI_HindiNews (@AHindinews) January 10, 2026
स्पीकर ने ये भी कहा, ''48 घंटे के भीतर मुझे वो फोरेंसिक साइंस लैब की रिपोर्ट भी चाहिए. उसकी पूरी प्रक्रिया चाहिए. उसकी सहमति या अनुमोदन किसने दिया, वह भी चाहिए और उसके बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी. यह सदन अपने अधिकारों और विशेषाधिकारों की रक्षा करने के लिए दृढ़ संकल्पित है. हम किसी भी कीमत पर सदन की गरिमा, उसकी संपत्ति और उसकी संवैधानिक मर्यादा से समझौता नहीं करेंगे. सदन ने पूरे मामले पर विधिवत संज्ञान लिया है. सदन इस पूरे मामले पर विधिवत ध्यान देता है और नियमों के अनुसार आगे की आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करता है.''
नेता विपक्ष ने गुरुओं का अपमान किया
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा कि विपक्ष के साथी पहले ही दिन से प्रदूषण पर चर्चा की मांग कर रहे थे, लेकिन जब चर्चा हुई तो विपक्ष के साथी एक एक कर बाहर निकल गए. नेता विपक्ष ने गुरुओं का अपमान किया है. माफी मांगने में शर्म नहीं की जानी चाहिए. इस पूरे प्रकरण में पंजाब पुलिस ही नहीं, हर दोषी को कार्रवाई के दायरे में लाया जाएगा.
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