पिता को कंधा देकर भावुक हुए क्रिकेटर रिंकू सिंह, क्वार्सी मोक्ष धाम में हुआ अंतिम संस्कार
स्टेज 4 कैंसर से जूझ रहे थे पिता खानचंद सिंह, रिंकू सिंह मैच छोड़कर लौटे. सोशल मीडिया पर राजीव शुक्ला ने श्रद्धांजलि दी.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : February 27, 2026 at 8:22 AM IST
|Updated : February 27, 2026 at 5:13 PM IST
अलीगढ़: रिंकू सिंह के पिता का निधन शुक्रवार को हो गया. वे लीवर कैंसर से जूझ रहे थे. वह ग्रेटर नोएडा के यथार्थ अस्पताल में एडमिट थे. रिंकू सिंह T20 इंटरनेशनल वर्ल्ड कप मैच में टीम स्क्वाड में शामिल है और गुरुवार को वह चेन्नई में जिम्बाब्वे के साथ खेल गए मैच के दौरान टीम में शामिल हुए थे. बता दें, रिंकू ने अपने पिता की अर्थी को कंधा दिया. क्रिकेट के मैदान पर संयम और आत्मविश्वास के लिए पहचाने जाने वाले खिलाड़ी इस मौके पर बेहद भावुक नजर आए. उन्होंने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर अंतिम क्रियाएं पूरी की. उपस्थित लोगों ने भी इस कठिन समय में परिवार को ढांढस बंधाया.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक साउथ अफ्रीका से मिली हार के बाद जब भारतीय टीम चेन्नई पहुंची थी, तो रिंकू सिंह के पिता को नोएडा के अस्पताल में भर्ती कराया गया था. आनन-फानन में रिंकू सिंह टीम इंडिया का साथ छोड़ पिता के पास पहुंचे थे. वहीं 26 फरवरी को हुए इंडिया - जिंबॉब्वे मैच से पहले वह टीम के साथ जुड़ गए थे, हालांकि उन्हें प्लेइंग 11 में मौका नहीं मिला था.
बता दें कि रिंकू के पिता ने ग्रेटर नोएडा स्थित यथार्थ हॉस्पिटल में अंतिम सांस ली. उनका निधन सुबह करीब 4:30 बजे हुआ. वह 60 साल के थे. उन्हें फोर्थ स्टेज का लिवर कैंसर था. पिछले 1 साल से उनकी तबीयत बिगड़ रही थी. वहीं ग्रेटर नोएडा के प्राइवेट अस्पताल में वे वेंटिलेटर सपोर्ट पर थे. हालांकि तबीयत बिगड़ने पर रिंकू सिंह प्रैक्टिस सेशन छोड़कर उनको देखने के लिए पहुंचे थे.
VIDEO | Cricketer Rinku Singh's father got admitted to hospital in Greater Noida. Visuals are from outside the hospital.#RinkuSingh pic.twitter.com/yRpjvQzxn3
— Press Trust of India (@PTI_News) February 24, 2026
मंगेतर प्रिया सरोज भी परिवार के साथ: इस गमगीन हालत में रिंकू सिंह की मंगेतर प्रिया सरोज रिंकू सिंह के परिवार के साथ है. मछली शहर की सांसद व रिंकू सिंह की मंगेतर प्रिया सरोज ने भी सोशल मीडिया पर क्रिकेटर के पिता के निधन पर दुख जताया है.
बता दें कि खानचंद सिंह अलीगढ़ में एलपीजी गैस सिलेंडर सप्लाई का काम करते थे. सीमित आमदनी में उन्होंने परिवार का भरण-पोषण किया. मेहनत से कभी कोई समझौता नहीं किया. रिंकू सिंह भी कई इंटरव्यू में अपने पिता के साथ खास भावनात्मक रिश्ते का जिक्र कर चुके हैं. पिता के निधन से क्रिकेटर रिंकू सिंह को गहरा दुख पहुंचा है.
मोक्ष धाम में हुई अंतिम विदाई: क्वार्सी स्थित मोक्ष धाम में पूरे विधि-विधान के साथ उनका दाह संस्कार संपन्न हुआ. इस दौरान परिवार, रिश्तेदारों और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे.
खानचंद्र सिंह का पार्थिव शरीर ओजोन सिटी स्थित आवास से अंतिम दर्शन के लिए बाहर लाया गया. घर के बाहर पहले से ही लोगों की भीड़ एकत्र थी. जैसे ही शव वाहन गेट के बाहर पहुंचा, माहौल गमगीन हो गया. परिजन, शुभचिंतक नम आंखों से अंतिम विदाई देने पहुंचे. इसके बाद शव को क्वार्सी के मोक्ष धाम ले जाया गया, जहां अंतिम संस्कार की तैयारियां पहले से की गई थीं.
क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता श्री खानचंद सिंह जी के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद है। इस कठिन घड़ी में मेरी गहरी संवेदनाएँ रिंकू सिंह और उनके समस्त परिवार के साथ हैं।
— Rajeev Shukla (@ShuklaRajiv) February 27, 2026
ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और शोकाकुल परिजनों को यह अपार दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें।
ॐ…
स्थानीय लोगों के अनुसार खानचंद्र सिंह सरल स्वभाव के व्यक्ति थे और क्षेत्र में उनकी अच्छी पहचान थी. बेटे की क्रिकेट उपलब्धियों पर उन्हें गर्व था. कई लोगों ने बताया कि रिंकू सिंह की सफलता के पीछे उनके पिता का संघर्ष और समर्थन महत्वपूर्ण रहा है.
अंतिम संस्कार के दौरान शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय प्रशासन भी सतर्क रहा. मोक्ष धाम परिसर में सीमित संख्या में लोगों को प्रवेश दिया गया, जबकि बाहर भीड़ को नियंत्रित करने के इंतजाम किए गए थे.
बड़े भाई सोनू ने दी मुखाग्नि: अंतिम संस्कार के दौरान परिवार के सदस्य गमगीन नजर आए. सबसे बड़े भाई सोनू ने पिता की चिता को मुखाग्नि दी. इस दौरान उपस्थित लोगों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की. मोक्ष धाम में सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय प्रशासन भी मौजूद रहा.
रिंकू सिंह को हाल ही में पारिवारिक आपात स्थिति के कारण अपने क्रिकेट कार्यक्रम से लौटना पड़ा था. पिता के निधन की खबर मिलते ही वे चेन्नई से अलीगढ़ पहुंच गए थे. अब अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिवार शोक में डूबा है.

BJP विधायक अनिल पाराशर-सांसद सतीश गौतम ने जताया शोक: अंतिम संस्कार में लोक विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक अनिल पाराशर भी पहुंचे. उन्होंने परिवार से मुलाकात कर अपनी संवेदना प्रकट की. मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि खानचंद अक्सर गैस सिलेंडर की सप्लाई के दौरान उनके घर और इलाके में आया-जाया करते थे. उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि परिवार को इस दुख की घड़ी में शक्ति प्रदान करें.
वहीं, अलीगढ़ से सांसद सतीश गौतम ने भी शोक व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि पिता का साया उठ जाना किसी भी व्यक्ति के लिए बड़ी क्षति होती है. रिंकू सिंह ने अपने परिश्रम से देश और जिले का नाम रोशन किया है, ऐसे में यह व्यक्तिगत क्षति उनके लिए बहुत बड़ी है. उन्होंने परिवार के प्रति गहरी संवेदना प्रकट की.


