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'मैं इस्तीफा देने को तैयार..' चिराग ने मांगा मांझी का रिजाइन तो झट से रेडी हो गए संतोष सुमन, बोले- 'मेरे साथ चिराग भी दें रेजिग्नेशन'

चिराग पासवान का जीतन राम मांझी और उनके बेटे से इस्तीफा मांगने वाले चिराग की बात को बिहार के मंत्री संतोष सुमन ने पलटवार किया-

चिराग पासवान और जीतन राम मांझी आमने सामने
चिराग पासवान और जीतन राम मांझी आमने सामने (ETV Bharat)
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By ETV Bharat Bihar Team

Published : August 29, 2026 at 4:14 PM IST

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पटना : बिहार की राजनीति और एनडीए गठबंधन के भीतर अनुसूचित जाति-जनजाति आरक्षण में वर्गीकरण और क्रीमी लेयर के मुद्दे पर भारी घमासान मचा हुआ है. केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी और बिहार सरकार में मंत्री संतोष कुमार सुमन के इस्तीफे की मांग की है, जिसपर संतोष सुमन ने पलटवार किया है.

मांझी के बेटे संतोष सुमन का चिराग पर पलटवार : बिहार में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति आरक्षण के भीतर उप-वर्गीकरण और 'क्रीमी लेयर' लागू करने के मुद्दे पर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के दो प्रमुख सहयोगी दल आमने-सामने आ गए हैं. लोजपा (रामविलास) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान द्वारा जीतन राम मांझी और उनके बेटे संतोष कुमार सुमन से इस्तीफे की मांग किए जाने के बाद, हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) के राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष सुमन ने सोशल मीडिया हैंडल X पर लंबा पोस्टर कर काउंटर अटैक किया है.

चिराग पासवान, केंद्रीय मंत्री (ETV Bharat)

'हम इस्तीफा देने को तैयार' : संतोष सुमन मांझी ने दो टूक कहा है कि वह इस्तीफा देने को तैयार हैं. लेकिन उनके साथ चिराग पासवान को भी इस्तीफा देना होगा. क्योंकि वह राजनीतिक रूप से तीसरी पीढ़ी में आते हैं. उन्होंने तंज कसते हुए सोशल मीडिया X पर लिखा कि हमारे छोटे भाई के पास बड़ी पार्टी है. चिराग के पास HAM से संख्याबल भी अधिक है इसलिए उन्हें ही इस्तीफा देकर इसकी शुरूआत करनी चाहिए. बिहार के मंत्री संतोष सुमन ने साफ कहा कि कभी उन्होंने क्रीमी लेयर के आधार पर किसी को आरक्षण से बाहर करने की बात ही नहीं की. कोटे में कोटा और क्रीमी लेयर दोनों पूरब और पश्चिम जैसे हैं.

''जहां तक इस्तीफे का सवाल है, हम तैयार हैं. मेरे छोटे भाई की पार्टी बड़ी है, उनके पास हमसे अधिक संख्याबल है और राजनीतिक रूप से तीसरी पीढ़ी भी है, तो शुरुआत वही करें वे इस्तीफा देकर सामने आएं, हम भी उनके साथ इस्तीफा देने को तैयार हैं. लेकिन मेरे छोटे भाई, पहले मेरी बात को ठीक से समझिए. मैंने अपने ट्वीट और बयान में कहीं भी क्रीमी लेयर की बात नहीं की है. मैंने न SC/ST आरक्षण समाप्त करने की बात कही है और न ही क्रीमी लेयर के आधार पर किसी को आरक्षण से बाहर करने की बात कही है. कोटे में कोटा और क्रीमी लेयर—दोनों पूरब और पश्चिम हैं. दोनों को एक साथ मिलाकर जनता को भ्रमित करना उचित नहीं है.''- संतोष सुमन मांझी, मंत्री बिहार सरकार

'मांझी और उनके बेटे दें इस्तीफा' : चिराग पासवान ने कहा कि हम भी सरकार में हैं. अभी भी सरकार से यह सवाल है कि आखिर अभी भी दलित समाज के लोग अगर मंदिर जाते हैं तो मंदिर धुलवाया जाता है. यह घटना मुख्यमंत्री के रूप में जब जीतन राम मांझी थे तो उन्हीं के साथ हुआ है. आज वह अब आरक्षण में क्रीमी लेयर की बात कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि जीतन राम मांझी जी इस्तीफा दें और सदन में चर्चा ही कर लें कि आखिर किस तरह का आरक्षण देश में होना चाहिए. उन्होंने कहा कि संविधान में आरक्षण का आर्थिक आधार कहीं भी मुद्दा नहीं है.

''सामाजिक आधार पर आरक्षण दिया गया है. यह बात देश की जनता भी जानती है, तो फिर आरक्षण को आर्थिक आधार पर लागू करने की बात क्यों की जा रही है? जो लोग इसमें क्रीमी लेयर की बात कर रहे हैं, वह लोग सदन के अंदर बहस करवा लें. यह हमारी राय है. वह सिर्फ जीतन राम मांझी को ही इस्तीफा देने की बात नहीं कर रहे थे. उनके पुत्र भी इस्तीफा दें और क्रीमी लेयर के मुद्दा पर वह बहस करवा लें.''- चिराग पासवान, केंद्रीय मंत्री और एलजेपी(आर) के राष्ट्रीय अध्यक्ष

राहुल गांधी से भी मांगा जवाब : दरअसल, चिराग पासवान ने एक सवाल के जवाब में कहा था कि सबसे ज्यादा देश में कांग्रेस ने राज किया है, लेकिन भेदभाव और छुआछूत को कांग्रेस नहीं खत्म कर पाई. यही कारण है कि राहुल गांधी अभी भी उत्तर प्रदेश का उदाहरण देते हैं और कहते हैं कि दलित समाज के छात्र से अति पिछड़ा समाज के छात्रों से विद्यालयों में पोछा लगाया जा रहा है. आखिर यह किसकी विफलता है? उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जो बयान दे रहे हैं उन्हें यह जवाब देना होगा कि आरक्षण मिलने के बावजूद भी दलित समाज के लोग हों या पिछड़े समाज के लोग हों या अति पिछड़ा समाज के लोग हों उन्हें समाज में बराबरी का दर्जा क्यों नहीं मिला है?

देश में गरम है आरक्षण का मुद्दा : कुल मिलाकर देखें तो केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान आज केंद्रीय मंत्री मांझी के बयान को लेकर जमकर तंज कसा और कहा कि आरक्षण में क्रीमी लेयर का फायदा जीतन राममांझी भी ले रहे हैं. उन्हें भी इस्तीफा देना चाहिए और उनके पुत्र को भी इस्तीफा देना चाहिए. मांझी के बेटे ने लंबा चौड़ा सोशल मीडिया पर पोस्ट करके चिराग को घेरा है. जाहिर सी बात है कि मुद्दा गरम है और लड़ाई भी लंबी चलेगी. देखना ये है कि ये बहस कहां जाकर थमती है?

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