बॉम्बे हाईकोर्ट ने BMC चुनाव में फर्जी AB फॉर्म मामले में BJP को नोटिस जारी किया
हाईकोर्ट ने बीजेपी, चुनाव आयोग और कैंडिडेट शिल्पा केलुस्कर को नोटिस जारी करके उन्हें मामले में अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया.

Published : January 8, 2026 at 7:05 AM IST
|Updated : January 8, 2026 at 8:26 AM IST
मुंबई: सायन-कोलीवाड़ा वार्ड में बगावत अब भाजपा पर ही भारी पड़ गई है. शिवसेना की याचिका पर संज्ञान लेते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने बुधवार को आखिरकार बीजेपी और बाकी सभी प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा.
मंगलवार की सुनवाई में बॉम्बे हाई कोर्ट ने सवाल किया कि बीजेपी इस मामले पर चुप क्यों है. पूजा कांबले इस वार्ड से शिवसेना की ओर से महायुति गठबंधन की आधिकारिक उम्मीदवार है. लेकिन, बीजेपी की शिल्पा केलुस्कर ने बगावत कर दी है और अपना नॉमिनेशन पेपर फाइल कर दिया है.
इतना ही नहीं, उन्होंने एक फर्जी एबी फॉर्म (पार्टी ऑथराइजेशन लेटर) के साथ कलर फोटोकॉपी अटैच की है और खुद को महायुति कैंडिडेट बताते हुए अभियान भी शुरू कर दिया है. आखिर में पूजा कांबले के पति महेश कांबले ने इस मामले को चुनौती देते हुए हुए बॉम्बे हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है.
याचिका में कांबले की मुख्य मांग यह है कि केलुस्कर का नॉमिनेशन पेपर, जो बोगस एबी फॉर्म के साथ फाइल किया गया था, कैंसल किया जाना चाहिए. इस याचिका पर चीफ जस्टिस चंद्रशेखर और जस्टिस गौतम अंखड की बेंच के समक्ष सुनवाई हुई. दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद बॉम्बे हाई कोर्ट ने साफ किया कि वे इस बगावत को रोक नहीं सकते.
उन्होंने यह भी पूछा कि क्या याचिकार्ता याचिका वापस लेंगे. कांबले की तरफ से याचिका वापस लेने से मना करने के बाद हाईकोर्ट ने याचिका को सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया और बुधवार को बीजेपी, चुनाव आयोग और कैंडिडेट शिल्पा केलुस्कर को नोटिस जारी करके उन्हें मामले में अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया.
इस पर चुनाव आयोग ने अपना पक्ष रखते हुए हाईकोर्ट में साफ किया कि शिल्पा केलुस्कर की अर्जी नियमों के मुताबिक दी गई थी, इसलिए उसे सही माना गया. चुनाव आयोग के वकील सचेंद्र शेट्टी ने पहले कोर्ट में कहा था कि कांबले की आपत्ति का सही जवाब दिया गया है.

