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पूर्व केंद्रीय मंत्री आरके सिंह BJP से निलंबित, बिहार चुनाव में पार्टी विरोधी गतिविधियों का आरोप

बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के कारण BJP ने पूर्व केंद्रीय मंत्री आरके सिंह को निलंबित कर दिया है.

BJP suspends ex-Ara MP R K Singh for anti-party activities during bihar Election 2025
पूर्व केंद्रीय मंत्री आरके सिंह (File/ ANI)
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By ETV Bharat Hindi Team

Published : November 15, 2025 at 2:13 PM IST

3 Min Read
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नई दिल्ली: बिहार में विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के आरोपों के बाद पूर्व केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह को भाजपा से निलंबित कर दिया है. साथ ही पार्टी ने आरा से पूर्व सांसद सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और उनसे एक सप्ताह के भीतर जवाब देने को कहा गया है.

भाजपा की तरफ से पूर्व सांसद सिंह को भेजे गए कारण बताओ नोटिस में कहा गया है, "आपकी गतिविधियों पार्टी के खिलाफ हैं. ये अनुशासन के दायरे में आता है. पार्टी ने इसे गंभीरता से लिया है. इससे पार्टी को नुकसान हुआ है. इसलिए, निर्देशानुसार, आपको पार्टी से निलंबित किया जा रहा है. साथ ही यह बताने के लिए कहा जा रहा है कि आपको पार्टी से क्यों नहीं निष्कासित कर दिया जाए. इसलिए, कृपया पत्र प्राप्त होने के एक सप्ताह के भीतर आप अपनी स्थिति स्पष्ट करें."

कारण बताओ नोटिस
कारण बताओ नोटिस (BJP)

अशोक अग्रवाल और उषा अग्रवाल पर भी कार्रवाई
आरके सिंह के साथ भाजपा ने एमएलसी अशोक कुमार अग्रवाल और कटिहार की मेयर उषा अग्रवाल को भी पार्टी से निलंबित कर दिया है. दोनों नेताओं पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाया गया है और कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है.

आरके सिंह और अन्य नेताओं के खिलाफ यह कार्रवाई बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद की गई. चुनाव नतीजों में एनडीए को भारी बहुमत मिला है. भाजपा 89 सीटें जीतकर राज्य में सबसे बड़ी पार्टी बनी है. इसके बाद जेडीयू को 85 सीटें मिली हैं. विपक्षी दल आरजेडी को 25 सीट और कांग्रेस को 5 सीट मिली है.

पूर्व केंद्रीय मंत्री आरके सिंह ने कई बार खुले मंच से भाजपा और बिहर सरकार की आलोचना की है. उन्होंने बड़ी सरकारी परियोजना पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया था कि बिहार में सौर ऊर्जा परियोजना अडाणी कंपनी को सौंपे जाने में 62,000 करोड़ रुपये का घोटाला है.

इसके अलावा, चुनाव के दौरान सिंह ने बिहार के मतदाताओं से आपराधिक रिकॉर्ड वाले उम्मीदवारों को नकारने का भी आग्रह किया था, जिनमें एनडीए के उम्मीदवार भी शामिल थे. उन्होंने उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और जेडीयू उम्मीदवार अनंत सिंह का नाम गंभीर आरोपों वाले उम्मीदवारों में लिया था. उन्होंने लोगों से अपील की थी कि ऐसे उम्मीदवारों का समर्थन न करें, भले ही वे आपकी जाति के हों और अगर चुनाव मैदान में सभी उम्मीदवार दागदार हैं, तो नोटा का विकल्प चुनें."

सिंह ने दिया इस्तीफा
वहीं, भाजपा से निलंबित किए जाने के बाद सिंह ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने एक्स पोस्ट में कहा, मैंने पार्टी को अपना त्यागपत्र भेज दिया है. मेरे द्वारा प्रदेश कार्यालय को भेजे गए पत्र तथा राष्ट्रीय अध्यक्ष भाजपा को भेजा गया त्यागपत्र सलंग्न है.

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