आशुतोष ब्रह्मचारी का बड़ा आरोप; स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने 20 से अधिक बटुकों का किया शोषण, शंकराचार्य का पलटवार
आशुतोष ब्रह्मचारी बोले- यूपी के डिप्टी सीएम भी जांच के दायरे में, अविमुक्तेश्वरानंद को धरने के लिए उकसाते थे

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : February 25, 2026 at 7:03 PM IST
|Updated : February 25, 2026 at 8:46 PM IST
प्रयागराज : मां शाकुंभरी पीठाधीश्वर आशुतोष ब्रह्मचारी ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं. बुधवार को आशुतोष ब्रम्हचारी ने प्रयागराज के पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में प्रेस कांफ्रेंस की. इस दौरान आरोप लगाया कि अविमुक्तेश्वरानंद ने 20 से अधिक बटुकों का शोषण किया है. कहा कि, प्रयागराज में दर्ज मामले के अलावा अलग-अलग जिलों के पीड़ित बटुकों की ओर से भी मुकदमे दर्ज कराए जाएंगे, जिनमें कुछ महिलाएं भी शामिल हैं. उन्होंने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के कुछ बड़े नेताओं के भी इस कथित कुकर्म कांड में शामिल होने का दावा किया है. यह भी दावा किया है कि बुधवार को दोनों बटुकों के कलमबंद बयान मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज हो गए हैं. बटुकों ने अपनी आपबीती जज को बताई है. उनकी मेडिकल रिपोर्ट में भी कुकर्म की पुष्टि हुई है.
दूसरी ओर वाराणसी में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने भी प्रेस कांफ्रेंस कर आरोपों का खंडन किया है. कहा है कि आरोप लगाने वाले बच्चे आशुतोष ब्रह्मचारी के शागिर्द हैं. लंबे समय से आशुतोष ब्रह्मचारी के साथ रह रहे थे. वे स्वतंत्रता पूर्वक अलग-अलग स्थान पर जा रहे हैं और क्युआर कोड जारी कर दक्षिणा भी ले रहे हैं. सारे सबूत न्यायालय में रखे जाएंगे.
17 और 18 जनवरी को माघ मेला क्षेत्र में हुईं कुकर्म की घटनाएं: आशुतोष ब्रह्मचारी ने कहा कि उनके आरोपों के समर्थन में सीडी और वीडियो एविडेंस उपलब्ध हैं, जिन्हें पुलिस और न्यायालय को सौंप दिया गया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि पीड़ितों की पहचान उजागर करना कानूनन अपराध है और पॉक्सो एक्ट की धारा 23 के तहत नाबालिग की पहचान सार्वजनिक करना गैरकानूनी है. इसी कारण साक्ष्यों को सार्वजनिक नहीं किया जा रहा है.
आशुतोष ने यह भी आरोप लगाया कि अविमुक्तेश्वरानंद 18 जनवरी से प्रयागराज में बस में रहने का दावा कर रहे हैं, जबकि 17 जनवरी को शिविर में और 18 जनवरी को बस में बटुकों के साथ कथित शोषण की घटनाएं हुईं. आशुतोष ब्रह्मचारी के मुताबिक, बटुकों ने अपने मोबाइल फोन से पूरी घटना के वीडियो बनाए थे, जिनकी फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी. उन्होंने कहा कि एआई के दौर में फॉरेंसिक जांच के बाद साक्ष्यों की पुष्टि हो जाएगी.
अविमुक्तेश्वरानंद पर आठ मुकदमे, हिस्ट्रीशीट खोलने की मांग : आशुतोष ब्रह्मचारी ने दावा किया कि अविमुक्तेश्वरानंद पर पहले से आठ मुकदमे दर्ज हैं और उनकी हिस्ट्रीशीट खोली जानी चाहिए. आरोप लगाया कि उन पर क्रॉस केस बनाने के लिए साक्ष्य सार्वजनिक करने का दबाव बनाया जा रहा है, जबकि कानून इसकी अनुमति नहीं देता. आशुतोष ब्रह्मचारी ने कड़े शब्दों में कहा कि “जेल जाने की तैयारी करें अविमुक्तेश्वरानंद.” आगे दावा किया कि जल्द ही उन लोगों के नामों का खुलासा किया जाएगा, जो अविमुक्तेश्वरानंद को नाबालिग बटुक उपलब्ध कराते थे. उनके अनुसार, बाढ़ प्रभावित इलाकों से बटुकों को लाया जाता था. उन्होंने यह भी कहा कि जोशीमठ, बद्रीनाथ, वाराणसी और नरसिंहपुर में भी इस मामले को लेकर मुकदमे दर्ज कराए जाएंगे.
आरोप लगाया कि, अविमुक्तेश्वरानंद ने नरसिंहपुर, मध्यप्रदेश के आश्रम में बनारस के विद्यापीठ में, जोशी मठ, बद्रीधाम में भी बटुकों के साथ कुकर्म किया. शंकराचार्य बनने की महात्वकांक्ष उन्हें ज्योतिष्पीठ लेकर आई. वहां गुरू स्वरूपानंद सरस्वती के शांत होने के तीसरे दिन ही अवैध तरीके से अपने आप को शंकराचार्य घोषित कर लिया. उनके मन में पाप था.
स्वीमिंग पूल में गिट्टियां डलवा दीं, गिरफ्तारी जरूरी: आशुतोष ब्रम्हचारी ने दावा किया कि विद्यामठ में भी जो वीआईपी कमरा है, वहां स्वीमिंग पूल है तो उसमें से पानी हटवाकर गिट्टियां हटवां दीं. कानून से बचने के लिए अविमुक्तेश्वरानंद सुबूत मिटाने की कोशिश कर रहे हैं. इनकी गिरफ्तारी जल्द होनी चाहिए. आशुतोष महाराज ने दक्षिण की एक महिला साध्वी को अविमुक्तेश्वरानंद के साथ रखने पर भी सवाल खड़ा किया. कहा कि दक्षिण की महिला साध्वी को अपने साथ रखने का क्या मतलब है? इनके दूसरे नंबर का सहयोगी मुकुंदानंद भी इस साजिश में शामिल है. बताया कि मुकुंदानंद के गुरुभाई अरविंद को तीसरा अभियुक्त बनाया गया है. बच्चों को यही ट्रेनिंग देते हैं. दोनों बच्चों का मेडिकल करा लिया गया है. आशुतोष महाराज ने दावा किया कि बच्चों की मेडिकल रिपोर्ट में कुकर्म साबित हुआ है.
बटुकों ने सीईओ प्रकाश उपाध्याय का नाम लिया : आशुतोष ब्रम्हचारी ने एक और नाम लिया, जो इस साजिश में शामिल है. आरोप लगाया कि आश्रमों के सीईओ प्रकाश उपाध्याय भी इस कुकृत्य में शामिल रहे हैं. उनका नाम बटुकों के बयान में आ गया है. उन्होंने कुछ राजनीतिक दलों के नेता और सफेदपोश के भी आश्रमों में आने और बटुकों का दैहिक शोषण करने की बात कही. पार्टी का नाम और नेता का नाम पूछने पर बोले कि जल्द इसका भी खुलासा होगा.
उन्होंने एक लैपटॉप दिखाते हुए कहा कि यही वो लैपटॉप है, जिसमें गुरु के सारे गंदे काम बंद हैं. उन्होंने कुछ तस्वीरें भी दिखाईं और कहा कि ये लोग जन्मदिनों में भी हमें बुलाते थे और सम्मान करते थे. अगर मैं हिस्ट्रीशीटर था तो मेरे गले क्यों मिला जाता था. अगर मैं हिस्ट्रीशीटर हूं तो आप क्यों गले मिलते थे. अविमुक्तेश्वरानंद भी की तस्वीर दिखाते हुए कहा कि मुझे सम्मानित किया. आज मैंने उनकी पोल खोल दी तो मैं आज दुश्मन हो गया.
मेरे ऊपर दर्ज मुकदमों में एक में सजा नहीं : आशुतोष ने आगे कहा कि उनके चेले अखिलेश यादव की सरकार में 2013 में अब्दुल हमीद को लाया गया. मेरे ऊपर मुझे दबाने के लिए फर्जी केस कराए गए. 2013 में मुजफ्फरनगर में हुए दंगों में मुख्य अभियुक्त हूं. मैंने वहां के ब्रह्मणों की आवाज उठाई थी. मेरे ऊपर कोर्ट से एक भी केस में सजा नहीं हुई है अभी तक और मुझे हिस्ट्रीशीटर कहा जा रहा है. स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के आश्रमों में मिले विदेशी चंदों पर भी उन्होंने सवाल खड़े किया. कहा कि कन्या विवाह के नाम पर करोड़ों रुपए का गबन किया गया है. दिखाया गया करोड़ों का सामान, जबकि मौके पर दिया गया लाखों में. ऐसे में करोड़ों रुपए के गबन का अभियान पर केस चलना चाहिए. इनके ऊपर भी 8 मुकदमे हैं. ऐसे में इनके खिलाफ भी गैंगस्टर की कार्रवाई करनी चाहिए.
डिप्टी सीएम अविमुक्तेश्वरानंद को धरने के लिए उकसाते थे: आशुतोष ने आगे कहा कि आज कोर्ट में दोनों बच्चों ने जज के सामने रो-रोकर गवाही दी और बताया कि कैसे उनके साथ कुकर्म किया गया. कहा कि मैं अभी नाम नहीं बता सकता पर कुछ वीवीआईपी भी इसमें शामिल हैं. कलमबंद बयान में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के कुछ बड़े नेताओं के नाम भी विवेचना में आए हैं. डिप्टी सीएम का भी नाम स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की कॉल डिटेल में आया है. उन्होंने भी फोन पर इनसे कहा था कि महाराज मैं आऊंगा तभी आप अपना धरना समाप्त करना. जूस मैं ही आपको पिलाकर आपका अनशन तोड़वाऊंगा. दावा किया कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के कुछ बड़े नेताओं के नाम भी इस कुकर्म कांड में शामिल होंगे. ये ऐसे वीवीआईपी हैं जो आश्रमों से विश्राम करते हैं. यह भी कहा कि मेरी जान का खतरा है. अविमुक्तेश्वरानंद मुझे मरवा सकते हैं.
शंकराचार्य का पलटवार: वहीं, शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने वाराणसी में प्रेस कांफ्रेंस की और व्हाट्स ग्रुप का स्क्रीन शॉट्स जारी किया. दावा किया कि आशुतोष ब्रह्मचारी द्वारा बनाया गया व्हाट्स एप ग्रुप है. शंकराचार्य ने स्क्रीन शॉट्स में विवेचना टीम के साथ आशुतोष ब्रह्मचारी के शामिल होने की बात कही. साथ ही आशुतोष ब्रह्मचारी के फेसबुक अकाउंट की तस्वीरें दिखाईं. प्रयागराज एसपी के साथ केक काटने का फोटो दिखाया. कहा कि जिन बच्चों के जरिए आरोप लगाए गए हैं, वे आशुतोष ब्रह्मचारी के शागिर्द हैं. लंबे समय से आशुतोष ब्रह्मचारी के साथ ही रह रहे थे. ये सबूत न्यायालय में रखे जाएंगे. कहा कि हम उनके आरोपों का खंडन करते हैं. कहा कि हम अतीक के पक्ष में नहीं बोल रहे थे. अफजाल अंसारी को कोई पत्र नहीं लिखा था. शंकराचार्य ने सीएम योगी पर भी सवाल खड़े किए. कहा कि योगी दो नंबर के हो गए हैं. जो गेरुआ कपड़ा पहने है, वो संत जैसा आचरण करे. जो नहीं करेगा शंकराचार्य सवाल उठाएगा. कहा कि देश के साधु-संत डरे हुए हैं. शिकायतकर्ता जांच के घेरे में खुद आ जाएगा. कहा कि उत्तर प्रदेश के अपराधी राज करते नजर आ रहे हैं. हाईकोर्ट में केस लिस्ट हो गया है, उस पर सुनवाई होगी. आशुतोष को झूठ बोलना आता है. उन्हें अपराधी प्रवृत्ति का बताया.
मेरठ में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के समर्थन में आए कांग्रेसी
मेरठ में जिला मुख्यालय पर पहुंचे कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शंकराचार्य के समर्थन में जोरदार प्रदर्शन किया. कार्यकर्ता जिलाध्यक्ष की अगुवाई में कलेक्ट्रेट पहुंचे और वहां भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पर संतों को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया. कांग्रेस नेता अवनीश काजला ने कहा कि संत पर जो आरोप लगे हैं, ये लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला है. कांग्रेस नेताओं ने एक ज्ञापन भी जिलाधिकारी कार्यालय पर दिया और इस मामले को लेकर पीएम मोदी से दखल की मांग की.
औरैया में मुख्यालय पर प्रदर्शन
जिला कांग्रेस कमेटी औरैया ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर मुकदमे के विरोध में प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी औरैया को सौंपा. कांग्रेस पदाधिकारियों ने इसे संत समाज और करोड़ों श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाओं के प्रति अपमानजनक बताते हुए कहा कि इस प्रकार की कार्रवाई लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है.
राज्यमंत्री मनोहर लाल उर्फ मन्नू कोरी बोले- जैसा कर्म, वैसा ईश्वर फल देता है
मिर्जापुर पहुंचे राज्यमंत्री मनोहर लाल उर्फ मन्नू कोरी ने मंडल वृहद रोजगार मेले का शुभारंभ किया. इस दौरान शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद पर दर्ज हुए मुकदमे को लेकर कहा कि जो जैसा कर्म करता है, उसको वैसा ईश्वर फल देता है. उसमें टांग नहीं लड़ाना चाहिए. सनातन का अपमान नहीं हो रहा है. सनातन धर्म कोई मिटा नहीं सकता.
बरेली में शंकराचार्य प्रकरण पर कांग्रेस का प्रदर्शन
बरेली में शंकराचार्य से जुड़े मामले को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन करते हुए निष्पक्ष और न्यायिक जांच की मांग उठाई. पार्टी पदाधिकारियों ने इसे आस्था से जुड़ा विषय बताते हुए पारदर्शी जांच की जरूरत पर जोर दिया. कांग्रेस के जिला व महानगर पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने शंकराचार्य प्रकरण को लेकर प्रदर्शन किया. कार्यकर्ता कचहरी परिसर स्थित चौधरी चरण सिंह पार्क में एकत्र हुए और वहां से शांतिपूर्ण मार्च निकालते हुए जिला कलेक्टरेट पहुंचे. मार्च के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई और प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की गई. कांग्रेस प्रवक्ता पंडित राज शर्मा ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में पारदर्शिता और निष्पक्षता सर्वोपरि होनी चाहिए. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मामले की स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच नहीं कराई गई तो कांग्रेस आंदोलन को और तेज करेगी.
मंत्री नरेंद्र कश्यप बोले- सपा ने शंकराचार्य पर चलवाईं थीं लाठियां
उत्तर प्रदेश के पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री नरेंद्र कश्यप बुधवार को शाहजहांपुर पहुंचे. यहां शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद मामले को लेकर समाजवादी पार्टी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि किसी समय समाजवादी पार्टी ने राम भक्तों पर गोलियां चलवाईं थीं. जो समाजवादी पार्टी स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद मामले में बीजेपी पर साजिश करने का आरोप लगा रही है, इसी ने अपनी सरकार में शंकराचार्य पर लाठियां चलवाई थीं.

