पुनर्विका श्री का इलाज हुआ संभव, क्राउडफंडिंग से मिले 16 करोड़ रुपये
आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले के जेएम सुरेश कुमार की बेटी पुनर्विका श्री SMA टाइप-1 से पीड़ित है.

Published : February 27, 2026 at 2:38 PM IST
कुरनूल (आंध्र प्रदेश): कुरनूल जिले के जेएम सुरेश कुमार को अपनी बेटी के इलाज के लिए क्राउडफंडिंग से 16 करोड़ रुपये जुटाने में सफल रहे. इस पर सुरेश ने कहा कि उन्होंने कभी सोचा भी नहीं था कि यह संभव होगा.
दरअसल, सुरेश की बेटी पुनर्विका श्री को SMA (स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी)-टाइप-1 है. यह बीमारी करोड़ में से किसी एक को होती है. सुरेश ने जब बच्ची को डॉक्टरों को दिखाया, तो उन्होंने सुझाव दिया गया कि बच्ची को डेढ़ साल की होने से पहले 16 करोड़ रुपये का इंजेक्शन दिया जाना जरूरी है, नहीं तो उसे बचा पाना मुश्किल है.
सुरेश कुमार ने बताया कि इसके बाद वह उलझन में पड़ गए कि वह इतनी बड़ी रकम की व्यवस्था कैसे करेंगे. इसी समय, पिछले साल 29 नवंबर को तेलुगु दैनिक अखबार 'ईनाडु' में एक खबर छपी थी. कई लोगों ने जवाब दिया. इसके बाद मेरे दोस्त मंजूनाथ चौधरी ने हमें 'क्राउडफंडिंग' के बारे में बताया. उन्होंने बताया कि अगर हम 'इम्पैक्ट गुरु' के प्रतिनिधियों के साथ मिलकर क्राउडफंडिंग कैंपेन शुरू करें, तो हमें काफी वित्तीय मदद मिल सकती है.
सुरेश ने बताया कि इसके बाद, पिछले साल 17 नवंबर को हमने 'इम्पैक्ट गुरु' के प्लेटफॉर्म पर क्राउडफंडिंग कैंपेन शुरू किया. क्राउडफंडिंग प्रतिनिधि के पर्सनल कैंपेन और ऑनलाइन कैंपेन से, सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने वाले कई लोगों को मेरी बेटी की परेशानी के बारे में पता चला. नतीजतन, कई लोगों ने मेरा चेहरा देखे बिना या मुझसे मिले बिना मेरी मदद करने की पूरी कोशिश की. दुबई और कुवैत से भी कई लोगों ने मदद की. जैसे-जैसे लाखों लोग आए, बहुत सारा डोनेशन मिला. सबसे अधिक डोनेशन पिछले 20 दिनों में मिला.
उन्होंने कहा कि हमारी कोशिशों से 10 करोड़ रुपये तक का डोनेशन मिला. इतनी रकम मिलने के बाद भी चिंता थी कि बाकी 6 करोड़ रुपये कब मिलेंगे, इसलिए मंत्री लोकेश ने बड़ी मदद का ऐलान किया. हमारी खुशी का ठिकाना नहीं रहा जब उन्होंने आधिकारिक ऐलान किया कि बाकी 6 करोड़ रुपये जुटाने की जिम्मेदारी उनकी होगी.
सुरेश ने कहा, "मैंने एक वीडियो भी जारी किया है जिसमें अपील की है कि अब किसी से भी पैसे की मदद न मांगी जाए. पता चला है कि कुछ लोग अभी भी मेरी बेटी के नाम पर डोनेशन इकट्ठा कर रहे हैं. मुझे जानकारी मिली है कि वे मेरी बेटी के नाम पर पैसे इकट्ठा कर रहे हैं और उसका इस्तेमाल अपने उद्देश्य के लिए कर रहे हैं. मैं सभी से अपील करता हूं कि ऐसी धोखाधड़ी से सावधान रहें."
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