'जय हो...जय हो' से गूंजा वाघा बॉर्डरः 80वें स्वतंत्रता दिवस पर अटारी पर दिखा अद्भुत नजारा
अटारी-वाघा बॉर्डर पर होने वाली 'बीटिंग रिट्रीट' रस्म भारत के सबसे लोकप्रिय सीमा आकर्षणों में से एक है, जो सैन्य अनुशासन को प्रदर्शित करती है.


Published : August 15, 2026 at 8:12 PM IST
अमृतसर (पंजाब): 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शनिवार को अमृतसर में अटारी-वाघा बॉर्डर पर 'बीटिंग रिट्रीट' समारोह के दौरान देशभक्ति का अनूठा रंग और सांस्कृतिक उत्साह देखने को मिला. इस खास मौके पर देश के अलग-अलग हिस्सों से आए छात्रों, युवाओं, बीएसएफ (BSF) जवानों और कलाकारों के रंगारंग कार्यक्रम को देखने के लिए हजारों दर्शक पहुंचे.
दर्शकों से खचाखच भरे इस मैदान में उस समय ज़ोरदार नारे और तालियां गूंज उठीं, जब छात्रों और युवा कलाकारों ने "जय हो", "इण्डिया वाले", "वंदे मातरम", "देश मेरा रंगीला" और "सुनो गौर से दुनिया वालों" जैसे देशभक्ति गीतों की शानदार प्रस्तुति दी. इन उत्सवों में भारत की सांस्कृतिक विविधता की झलक भी साफ दिखाई दी, जहां कलाकारों ने देश के विभिन्न हिस्सों के पारंपरिक लोक नृत्य पेश किए.
#WATCH | Punjab: Beating retreat ceremony underway at the Attari-Wagah border in Amritsar on Independence Day today. pic.twitter.com/kTHXBKuSKO
— ANI (@ANI) August 15, 2026
तिरंगे के रंगों वाले परिधानों में सजे कई छात्रों और बच्चों ने भी इन प्रस्तुतियों में भाग लिया. भारतीय झंडों और तिरंगे के तत्वों से सजे इस मैदान में बच्चों की मौजूदगी ने देशभक्ति के माहौल को और भी खुशनुमा बना दिया.
इस कार्यक्रम में जिम्नास्टिक, एक ताल वाले शारीरिक व्यायाम (सिंक्रोनाइज्ड फिजिकल ड्रिल) और हाई-किक (ऊंची किक) का भी प्रदर्शन किया गया, जहां युवा प्रतिभागियों ने विशाल जनसमूह के सामने अपने लचीलेपन, आपसी तालमेल और अनुशासन का शानदार नजारा पेश किया. एक अन्य प्रस्तुति में, सफेद मार्शल आर्ट की पोशाक पहने प्रतिभागियों ने ताइक्वांडो और आत्मरक्षा की तकनीकों का प्रदर्शन किया.
#WATCH | Punjab: Tiranga lowered, folded and carried back during Beating Retreat ceremony at the Attari-Wagah border. pic.twitter.com/RDNDEvycMG
— ANI (@ANI) August 15, 2026
काले और लाल रंग के पारंपरिक परिधानों में सजे कलाकारों के एक समूह ने भी औपचारिक सड़क पर एक साथ कदमताल और शारीरिक व्यायाम का प्रदर्शन किया, जिसे सड़क के दोनों ओर बैठे दर्शकों ने देखा. सीमा पर देशभक्ति के इस नजारे को और भव्य बनाने के लिए सीमा सुरक्षा बल (BSF) की महिला जवानों ने भी इन उत्सवों में हिस्सा लिया.

इस समारोह में अटारी-वाघा बॉर्डर की पहचान बन चुका पारंपरिक सैन्य प्रदर्शन भी देखने को मिला, जिसमें बीएसएफ जवानों द्वारा तालमेल के साथ और पूरे जोश से भरी मार्चिंग ड्रिल शामिल थी. हजारों दर्शकों के आपसी तालमेल वाले आंदोलनों, ऊंची किक और देशभक्ति के नारों ने वहां के माहौल में जबरदस्त जोश भर दिया.

बीएसएफ के डीआईजी (DIG) एस.एस. चंदेल इस स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. कार्यक्रम के दौरान अमृतसर बीएसएफ के सेक्टर मुख्यालय, अटारी के ज्वाइंट चेक पोस्ट (JCP) पर एक डिजिटल वीडियो वॉल का भी उद्घाटन किया गया. वहां मौजूद भीड़ के देशभक्ति के रंग में डूबने और 'वंदे मातरम' के बजने के साथ ही इस शानदार समारोह का समापन हुआ.

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