उत्तराखंड खेल विभाग ने 31 खिलाड़ियों को दी सरकारी नौकरी, 4 खिलाड़ियों ने नहीं ली नियुक्ति, सामने आई ये वजहें
Uttarakhand Sports Department gave Government Jobs to Players उत्तराखंड खेल विभाग ने अपनी नई खेल नीति के तहत उत्तराखंड के 27 खिलाड़ियों को सरकारी विभागों में सेवायोजित कर दिया है. चयन समिति द्वारा चुने गए 31 में से 27 खिलाड़ियों को नियुक्ति प्रमाण पत्र दिए जा चुके हैं. चार खिलाड़ियों ने नियुक्ति प्रमाण पत्र नहीं लिए हैं.

By ETV Bharat Uttarakhand Team
Published : March 12, 2024 at 7:51 PM IST
|Updated : March 12, 2024 at 9:15 PM IST
देहरादूनः उत्तराखंड की खेल नीति-2021 के तहत खेल विभाग ने 31 खिलाड़ियों को गृह विभाग, युवा कल्याण एवं वन विभाग में आउट ऑफ टर्न सेवायोजन कर दिया है. अलग-अलग विभागों से 156 पदों पर खिलाड़ियों की आउट ऑफ टर्म नियुक्ति के लिए विज्ञप्ति जारी की गई थी. जिसमें से केवल 120 खिलाड़ियों द्वारा आवेदन किया गया. 120 खिलाड़ियों द्वारा आउट ऑफ टर्म जॉब के लिए आवेदन किया है. इसके बाद चयन समिति द्वारा स्क्रूटनी में केवल 31 खिलाड़ियों का चयन किया गया. जिसमें सोमवार को 27 खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपा गया है.
इन चार खिलाड़ियों ने इस वजह से नहीं ली ज्वाइनिंग: खेल विभाग में आउट ऑफ टर्म सरकारी नौकरी के लिए आवेदन करने वाले 120 खिलाड़ियों में से स्क्रूटनी कमेटी ने 31 नाम फाइनल किए थे. जिसमें से 27 खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं. बाकी चार खिलाड़ी सूरज पंवार, मानसी नेगी, प्रियंका चौधरी और स्नेहा चौहान ने नियुक्ति पत्र नहीं लिया है. इन खिलाड़ियों के नियुक्ति पत्र न लेने की वजह भी विभाग ने बताई है.

सूरज पंवार अफ्रीका में ले रहे ट्रेनिंग: खेल विभाग से मिली जानकारी के अनुसार गोल्ड मेडलिस्ट सूरज पंवार का चयन युवा कल्याण विभाग में क्षेत्रीय युवा कल्याण अधिकारी के रूप में किया गया है. लेकिन सूरज पंवार की माता द्वारा विभाग को पत्र लिखकर अवगत कराया गया है कि सूरज इस वक्त अफ्रीका में ट्रेनिंग ले रहे हैं. अफ्रीका से आने के बाद सूरज कुमार अपने ओरिजिनल डाक्यूमेंट्स का सत्यापन करवाएंगे. इसके बाद सूरज कुमार की नियुक्ति की कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी.
मानसी को विज्ञान विषय से नहीं करनी है बारवीं: उत्तराखंड की चर्चित खिलाड़ी मानसी नेगी को वन विभाग में वन दारोगा के पद पर नौकरी दी गई थी. लेकिन उन्होंने यह कहकर नियुक्ति पत्र लेने से इनकार कर दिया कि उन्हें विज्ञान संवर्ग से दोबारा 12वीं नहीं करनी है. विभाग ने बताया कि नियमावली के अनुसार मानसी नेगी 2800 ग्रेड पे की नौकरी की हकदार है. इसके लिए उन्हें वन विभाग में वन दारोगा का पद अलॉट किया गया था. वन दारोगा के लिए शैक्षिक अर्हता में 12वीं विज्ञान विषय से होना चाहिए.

नौकरी पाने में खिलाड़ी को दिक्कत ना हो, इसके लिए पहले ही नियमावली में 4 साल की छूट दी गई थी. ताकि नौकरी में रहते हुए अभ्यर्थी अपनी शैक्षिक अर्हता पूरी कर लें. कई अभ्यर्थियों द्वारा इसे सहर्ष स्वीकार भी किया गया. जो अगले 4 सालों के भीतर अपनी शैक्षिक अर्हता पूरी करेंगे. लेकिन मानसी नेगी ने इसके लिए मना कर दिया. इसके बाद दूसरा विकल्प उनके लिए पुलिस विभाग में हैं. लेकिन पुलिस विभाग में 2800 ग्रेड पे का कोई पद उपलब्ध नहीं है. विभाग में 2000 ग्रेड पे का पद बचा है, लेकिन उसे भी मानसी ने स्वीकार नहीं किया. विभाग का कहना है कि नियुक्ति ना लेने वाले अभ्यर्थी का अधिकार सुरक्षित है. वह आगे भी आवेदन कर सकता है.
प्रियंका चौधरी रेलवे में ले रही हैं ज्यादा वेतन: खेल निदेशालय ने बताया कि प्रियंका चौधरी का चयन खेल विभाग में सहायक प्रशिक्षक के पद पर हुआ था. लेकिन पद लेने से प्रियंका चौधरी ने मना कर दिया है. क्योंकि वह रेलवे में इससे अधिक ग्रेड पे पर नौकरी कर रही हैं. विभाग का यह भी कहना है कि इनका नौकरी का अधिकार अभी खत्म नहीं हुआ है. भविष्य में उनके मुताबिक किसी ग्रेड पे पर पद खाली होता है तो वे फिर से अप्लाई कर सकते हैं.
स्नेहा को आगे पढ़ना है, इमरान अली का लिया गया संज्ञान: इसके अलावा पुलिस में कॉन्स्टेबल के पद पर स्नेहा चौहान का चयन हुआ है. लेकिन स्नेहा चौहान अभी पढ़ रही हैं. उन्होंने अपनी पढ़ाई जारी रखनी की बात कही है. इसलिए स्नेहा ने नियुक्ति लेने से इनकार कर दिया है. वहीं इसके अलावा एक और खिलाड़ी इमरान अली का भी कहना था कि उन्होंने रजत पदक हासिल किया है. लेकिन उन्हें नौकरी नहीं मिली है. जिस पर खेल विभाग का कहना है कि खेल विभाग द्वारा बारीकी से सभी के दस्तावेज खंगाले गए हैं. उसके बाद ही लिस्ट फाइनल हुई है. लेकिन फिर भी इमरान अली को यदि ऐसा लगता है तो दोबारा जांचा जाएगा.

