छत्तीसगढ़ में बाघिन की मौत, अचानकमार टाइगर रिजर्व में मिला मादा टाइगर का शव
अचानकमार टाइगर रिजर्व में में मादा बाघ की मौत हो गई है. मौत का कारण पता नहीं चला है.

By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : January 25, 2025 at 10:15 AM IST
मुंगेली: छत्तीसगढ़ के अचानकमार टाइगर रिजर्व में एक बाघिन का संदिग्ध परिस्थितियों में शव मिला है. मृत बाघिन की पहचान AKT -13 के रूप में किया गया है. जिसकी उम्र लगभग 4 साल बताई जा रही है. घटना की जानकारी एटीआर की एसटीपीएफ के सदस्यों से मिली है.
अचानकमार टाइगर रिजर्व में बाघिन की मौत: अचानकमार टाइगर रिजर्व के जंगल में मादा टाइगर की मौत हो गई. घटना के दो दिनों बाद तक एटीआर प्रबंधन अनजान रहा. किसी को टाइगर की मौत के बारे में भनक तक नहीं लगी और न ही किसी अधिकारी ने टाइगर के बारे में बताया. बाघिन का शव दो दिन पुराना बताया जा रहा है. शुक्रवार को वन विभाग के अधिकारियों ने टाइगर का पोस्टमॉर्टम कर अंतिम संस्कार कर दिया.
बीते 23 जनवरी की शाम वन परिक्षेत्र लमनी के ग्राम छिरहाट्टा बिरारपानी के बीच बेंदरा-खोंदरा के तरफ ग्रामीण पैदल जा रहे थे. इसी दौरान झाड़ के पास एक टाइगर को पड़ा हुआ देखा. उसे देखते ही ग्रामीणों के होश उड़ गए. लेकिन उसे बेसुध देख गांव वालों ने उसके पास जाकर देखा तो उसकी मौत हो चुकी थी.
मादा टाइगर की मौत के कारणों का खुलासा नहीं: गांव वालों ने इसकी सूचना वन विभाग के कर्मचारियों तक पहुंचाने की कोशिश की. लेकिन इन सब में दो दिन बीत गए. किसी तरह वन विभाग के कर्मचारियों तक बाघ का शव मिलने की खबर पहुंची. कर्मचारियों के जरिए इसकी जानकारी वन विभाग के अधिकारियों तक पहुंची. लेकिन तब तक दो दिन बीत चुके थे. बाघ का शव मिलने की सूचना पर अफसर मौके पर पहुंचे. लमनी कोर परिक्षेत्र के छिरहट्टा के जंगल में एकेटी-13 मादा टाइगर का शव बरामद किया गया. शुक्रवार को राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) प्रोटोकॉल के अनुसार मृत बाघिन का पोस्टमॉर्टम किया गया. फिलहाल टाइगर की मौत किन कारणों से हुई है ये पता नहीं चल पाया है.

