सिविल इंजीनियर भर्ती: डमी कैंडिडेट प्रकरण में मिली जमानत खारिज
सुप्रीम कोर्ट ने सिविल इंजीनियर भर्ती-2022 में डमी कैंडिडेट बैठाने के मामले में दो आरोपियों की जमानत निरस्त कर सरेंडर करने का आदेश दिया.

Published : March 8, 2025 at 9:46 PM IST
जयपुर: सुप्रीम कोर्ट ने आरपीएससी की ओर से आयोजित सिविल इंजीनियर भर्ती-2022 में डमी कैंडिडेट बैठाने के मामले में जमानत पर रिहा चल रहे आरोपी इंद्राज सिंह और सलमान खान की जमानत को रद्द कर दिया है. जस्टिस संजय करोल और जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह की खंडपीठ ने यह आदेश राज्य सरकार की ओर से दायर आपराधिक अपील पर सुनवाई करते हुए दिए. अदालत ने मामले में हाईकोर्ट की ओर से आरोपियों को जमानत देने के आदेश को निरस्त करते हुए दोनों आरोपियों को दो सप्ताह में संबंधित निचली अदालत में सरेंडर करने को कहा है.
राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता शिवमंगल शर्मा ने बताया कि सिविल इंजीनियर प्रतियोगी परीक्षा-2022 में आवेदन करने के बाद अभ्यर्थी इंद्राज सिंह ने अपनी जगह डमी कैंडिडेट गुरदीप दास को बैठाया. इसके लिए सलमान ने डील कराई थी. एएजी ने अदालत को बताया कि यह सिर्फ एक बार ही धोखाधड़ी का मामला नहीं है.
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आरोपी गुरदीप चार अन्य समान मामले में शामिल रह चुका है और वर्तमान में फरार चल रहा है. हाईकोर्ट ने आरोपियों को जमानत देते समय सामाजिक दुष्प्रभाव को अनदेखा किया है. डमी कैंडिडेट का उपयोग केवल व्यक्तिगत धोखाधड़ी नहीं है, बल्कि यह पूरी भर्ती प्रणाली के खिलाफ अपराध है. इससे भर्ती की विश्वसनीयता भी प्रभावित होती है, जिस पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट का दोनों आरोपियों को जमानत देने का आदेश रद्द करते हुए उन्हें दो सप्ताह में सरेंडर करने को कहा है.

