ETV Bharat / state

बिहार में म्यांमार के 6 नागरिक गिरफ्तार, इंडो-नेपाल बार्डर से SSB ने पकड़ा, फर्जी कागजात बरामद

किशनगंज में भारत-नेपाल सीमा पर म्यांमार के छह संदिग्ध नागरिकों को हिरासत में लिया गया. संदिग्ध दस्तावेज और फर्जी पहचान से जुड़ा है मामला.

Myanmar youths detained
किशनगंज में म्यांमार के युवक (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Bihar Team

Published : May 5, 2025 at 11:29 AM IST

|

Updated : May 5, 2025 at 12:23 PM IST

3 Min Read
Choose ETV Bharat

किशनगंज: बिहार के किशनगंज जिले से सटे पश्चिम बंगाल के भारत-नेपाल सीमा पर शनिवार को एसएसबी ने बड़ी कार्रवाई की है. इन दो अलग-अलग कार्रवाइयों में म्यांमार के छह संदिग्ध नागरिकों को हिरासत में लिया गया. ये सभी विशेष समुदाय की धार्मिक पुस्तक की पढ़ाई कर रहे थे. पकड़े गए सभी संदिग्ध छात्र हैं, जो 2022-23 के दौरान बिना पासपोर्ट और वीजा के मिजोरम में दाखिल हुए थे.

संदिग्धों की हुई पहचान: म्यांमार के छह संदिग्ध नागरिकों के पास से फर्जी आधार कार्ड, वोटर आईडी कार्ड और एक युवक के पास पैन कार्ड भी बरामद हुआ है. सभी पकड़े गए छात्र नागालैंड स्थित विटर थियोलॉजिकल कॉलेज वांकहोसिंग, वोखा में धर्मशास्त्र की पढ़ाई कर रहे थे. वे 2023 से वहीं रह रहे थे और छुट्टियों में अन्य भारतीय और नेपाली छात्रों के साथ सिलीगुड़ी आए थे. तब से वे तीन अलग-अलग समूहों में बंटे हुए थे.

संदिग्ध दस्तावेज और फर्जी पहचान: इन सभी संदिग्ध नागरिकों का उद्देश्य नेपाल के बिरतामोड़ स्थित हैप्पी लैंड एडवेंचर पार्क जाना था, लेकिन एसएसबी ने उन्हें सीमा के पास ही पकड़ लिया. पकड़े गए युवकों के पास से कई संदिग्ध दस्तावेज बरामद हुए, जो भारतीय पहचान पत्रों की फर्जी कॉपी है. इनमें फर्जी आधार कार्ड, वोटर आईडी कार्ड और एक युवक के पास पैन कार्ड मिला है. ये दस्तावेज दिल्ली में बनाए गए थे, जो कि भारतीय प्रशासनिक प्रणाली के तहत मान्य नहीं है.

जांच में जुटी पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां: इन छह युवकों की गिरफ्तारी के बाद, पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां इस मामले की गहन जांच कर रही है. यह भी आशंका जताई जा रही है कि इन युवकों की तरह ही और भी लोग फर्जी दस्तावेजों के सहारे भारत में अवैध रूप से रह रहे होंगे. वहीं एसएसबी अधिकारियों ने बताया कि इन युवकों ने भारत के फर्जी दस्तावेजों को बनाकर अवैध रूप से यहां प्रवेश किया है. इनका फर्जी भारतीय पहचान पत्र बनना देश के सिस्टम को धोखा देने जैसा है.

"म्यांमार के छह संदिग्ध नागरिकों को हिरासत में लिया गया. अब उनके पासे से मिले फर्जी भारतीय दस्तावेजों की वैधता की जांच की जा रही है. संदिग्ध मामले को देखते हुए खुफिया एजेंसियां भी इस जांच में शामिल हो गई हैं."-एसएसबी अधिकारी

सुरक्षा व्यवस्था और सीमा पर बढ़ी चौकसी: यह घटना जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के बाद देशभर में बढ़ी हुई सुरक्षा व्यवस्थाओं के बीच सामने आई है. इस आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत हो गई थी, जिसके बाद देश की सीमाओं पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. सीमा पर संदिग्ध व्यक्तियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है. वहीं भारत में प्रवेश करने वाले हर विदेशी की जांच की जा रही है.

पढ़ें-भारत-नेपाल सीमा से मादक पदार्थों की तस्करी, SSB जवानों की बड़ी कार्रवाई

Last Updated : May 5, 2025 at 12:23 PM IST