बीजेपी विधायक के देवर पर रंगदारी का आरोप, दिग्विजय सिंह ने पूछा सवाल, सिंधिया बोले-होगी कार्रवाई - MP Officer Accused On BJP MLA
गुना में एक अधिकारी ने बीजेपी विधायक के देवर पर रंगदारी का आरोप लगाया है. इस मामले को लेकर पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने मोहन सरकार को आड़े हाथों लिया है, तो वहीं सिंधिया ने कार्रवाई की बात कही है.

By ETV Bharat Madhya Pradesh Team
Published : June 25, 2024 at 8:53 PM IST
भोपाल। मध्य प्रदेश के गुना में एक कृषि विभाग के अधिकारी ने चाचौड़ा विधायक के देवर पर 50 लाख की रंगदारी मांगने और जान से मारने की धमकी का आरोप लगाया है. अधिकारी ने इस मामले में गुना जिले के एसपी को शिकायत भी दर्ज कराई है. उधर इस शिकायत के बाद प्रदेश की सियासत गरम गई. पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने इस मामले को लेकर सोशल मीडिया साइट एक्स पर ट्वीट करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से पूछा है कि 'क्या सरकार अपने अधिकारियों का संरक्षण करेगी.' उधर इस मामले में 'केन्द्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि किसी भी आरोपी को छोड़ा नहीं जाएगा.'
BJP विधायक प्रियंका मीना से कृषि उपसंचालक को जान का खतरा! SP को लिखित आवेदन में लगाए रंगदारी मांगने के आरोप - guna news Agriculture Deputy Director faces threat to life from Chachoda BJP MLA Priyanka Meena -
— Digvijaya Singh (@digvijaya_28) June 25, 2024
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बीजेपी विधायक कटघरे में
गुना जिले में कृषि विभाग के उप संचालक अशोक उपाध्याय ने जिले के कलेक्टर और एसपी को इस संबंध में शिकायत की है. उन्होंने शिकायत में कहा है कि विधायक प्रियंका मीना के देवर अनिरुद्ध ने उन्हें 21 जून को फोन किया था. फोन करके उन्होंने मुझे अपने ऑफिस बुलाया. वहां पहुंचा तो अनिरुद्ध मुझसे उर्वरक से जुड़ी जानकारियां लेने लगे. इसके बाद जब मैं वापस जाने लगा तो अनिरुद्ध ने मुझे दूसरे कमरे में बंद कर दिया और मेरा मोबाइल भी ले लिया. उन्होंने मुझे गालियां देते हुए कहा कि खूब पैसा कमा रहे हो, 50 लाख भिजवा देना. अगर पैसे नहीं मिले तो उनके खिलाफ विधानसभा में प्रश्न लगवाऊंगा. साथ ही कहा कि यदि इसके बारे में किसी को बताया तो जान से मार दूंगा.
दिग्विजय बोले क्या अधिकारियों को संरक्षण मिलेगा
उधर यह मामला सामने आने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने सोशन मीडिया साइट एक्स पर ट्वीट करते हुए लिखा कि 'क्या मोहन यादव जी, मुख्य सचिव महोदया आप अपने अधिकारियों का संरक्षण करेंगे या ऐसे ही पिटने देंगे ? अभी तक डीडीए गुना उपाध्याय की शिकायत पर एफआईआर दर्ज नहीं हुई, गिरफ्तारी तो छोड़ दीजिए. अभी तक कांग्रेस का कोई कार्यकर्ता होता तो एफआरआई दर्ज हो जाती, गिरफ्तारी हो जाती. यदि अल्पसंख्यक होता तो बुलडोजर से उसका घर गिरा दिया होता. इतना पक्षपात तो मुख्यमंत्री न करो.
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सिंधिया बोले-किसी का भी रिश्तेदार हो बख्शा नहीं जाएगा
इस मुद्दे पर गुना में मीडिया से बात करते हुए ज्योतिरादित्य सिंधिया कहा कि 'मुझे इसकी सूचना मिली है, मैंने पेपरों में भी पढ़ा है. मैंने स्पष्ट कहा है की, गुना शिवपुरी और अशोकनगर में चाहे आपका हो या मेरा कोई रिश्तेदार हो, या अन्य कोई सहयोगी किसी को भी छोड़ा नहीं जाएगा. सही, सही है और गलत गलत है. यह खाद के मामले में भी मैंने स्पस्ट निर्देश दिए थे, कि समिति के द्वारा ही इसका वितरण होना चाहिए, नहीं तो इसकी भी कालाबाजारी की रिपोर्ट्स मुझे आ रही थी.

