जयपुर के कोचिंग हब में चलेगा जोधपुर आईआईटी का एक्सटेंशन सेंटर !, देश में पहली बार ऐसा...
जयपुर के कोचिंग हब में जोधपुर आईआईटी के एक्सटेंशन सेंटर बनाने पर काम चल रहा है. केंद्र से मंजूरी मिलते ही सेंटर शुरू होगा.

Published : August 10, 2025 at 3:58 PM IST
जयपुर: पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट का संचालन प्रतापनगर के कोचिंग हब में जोधपुर आईआईटी की ओर से किया जा सकता है. देश में पहली बार किसी आईआईटी इंस्टीट्यूट के एक्सटेंशन पर काम चल रहा है. इसके लिए जोधपुर आईआईटी की ओर से बीते साल नवंबर में जयपुर के कोचिंग हब को लेकर रुचि दिखाई गई थी. इस पर मई 2025 में राज्य सरकार ने सैद्धांतिक मंजूरी दी. हालांकि इस पर अंतिम फैसला केंद्र सरकार लेगी. यदि इस पर मुहर लगी तो मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्वाचन क्षेत्र और जयपुरवासियों के लिए बड़ी सौगात होगी.
राजस्थान की राजधानी में शिक्षा के नक्शे पर ऐतिहासिक मोड़ आने वाला है. प्रतापनगर स्थित जिस कोचिंग हब को कभी निजी कोचिंग संस्थानों के लिए विकसित किया था, यदि केंद्र से मंजूरी मिली तो ये देश के शीर्ष तकनीकी संस्थानों में शामिल IIT जोधपुर के एक्सटेंशन कैंपस के रूप में जाना जाएगा. तत्कालीन UDH सेक्रेटरी सुधांश पंत के अनुसार राज्य सरकार ने इस प्रस्ताव को सैद्धांतिक मंजूरी दी है. इस मंजूरी से जुड़ा प्रपत्र शुक्रवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. इसमें राज्य सरकार ने जोधपुर IIT प्रशासन से कहा कि वे केंद्र सरकार से अंतिम अनुमोदन लें.
राज्य सरकार का प्रस्ताव
- कोचिंग हब परिसर निशुल्क मिलेगा : IIT जोधपुर को राजस्थान हाउसिंग बोर्ड का कोचिंग हब परिसर चरणबद्ध तरीके से उपलब्ध कराया जाएगा. पहले चरण में 4 टावर मिलेंगे. उपयोग के बाद शेष 3 टावर दिए जाएंगे.
- अनुदान नहीं देगी सरकार : राज्य सरकार ने स्पष्ट किया कि प्रस्तावित कैंपस के लिए 100 करोड़ रुपए की किसी प्रकार की अनुदान राशि नहीं दी जाएगी. IIT को सभी खर्च खुद वहन करने होंगे.
- हॉस्टल के लिए 20,000 वर्ग मीटर जमीन: हॉस्टल और स्टाफ रेजिडेंस के लिए 20,000 वर्ग मीटर भूमि उपयुक्त स्थान पर निशुल्क दी जाएगी, लेकिन कोचिंग हब के साथ सटी भूमि नहीं दी जा सकेगी क्योंकि वो कमर्शियल है.
- तकनीकी परामर्श के बदले भूमि : संस्थान को दिए जा रहे संसाधनों के बदले IIT जोधपुर राज्य सरकार को विभिन्न क्षेत्रों में तकनीकी सहायता और परामर्श निशुल्क देगी.
- IIT जोधपुर अब केंद्र से मांगेगा मंजूरी :राज्य सरकार ने अपने पत्र में IIT जोधपुर से आग्रह किया कि वो केंद्र सरकार से इस प्रस्ताव के लिए in-principle approval ( सिद्धांत रूप में मंजूरी) प्राप्त करने की दिशा में अगला कदम उठाए. इसके बाद कैंपस की स्थापना प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू की जा सकेगी.
ये आएगा बदलाव: यदि केंद्र सरकार से मंजूरी मिली तो शहर को राष्ट्रीय स्तर का तकनीकी संस्थान मिलेगा. इससे जयपुर के छात्रों को अपने ही राज्य में उत्कृष्ट शिक्षा का अवसर मिलेगा. बहरहाल, राजस्थान हाउसिंग बोर्ड की ओर से तैयार ये कोचिंग हब कभी देशभर के छात्रों को आकर्षित करने की योजना के तहत बना था, लेकिन प्राइवेट कोचिंग संस्थानों ने इसमें खास रुचि नहीं दिखाई. ऐसे में अब इसका उपयोग IIT जैसे राष्ट्रीय संस्थान के विस्तार के लिए करने पर काम हो रहा है.

