ETV Bharat / state

दिल्ली में देश का पहला महिला बस डिपो शुरू, पहले ही दिन महिलाओं ने किया विरोध प्रदर्शन

भारत का पहला ऑल-वुमन बस डिपो सरोजिनी नगर में शुरू, महिला कर्मचारियों ने शर्तों पर किया विरोध, परिवहन मंत्री ने दिया आश्वासन.

भारत का पहला महिला बस डिपो
पहला महिला बस डिपो शुरू (ETV Bharat)
author img

By ETV Bharat Delhi Team

Published : November 16, 2024 at 2:19 PM IST

2 Min Read
Choose ETV Bharat

नई दिल्ली: दिल्ली के सरोजिनी नगर डिपो में भारत का पहला ऑल-वुमन बस डिपो (सखी डिपो) की शुरुआत की गई है. दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने इस पहल का उद्घाटन किया. यह महिला बस चालकों और कंडक्टरों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है, जो परिवहन क्षेत्र में अपने हक और अधिकारों की ओर बढ़ने की दिशा में है. इस डिपो के माध्यम से महिला कर्मचारियों को उनकी कार्यस्थल पर सुरक्षा और सम्मान की भावना मिलेगी.

हालांकि, इस ऐतिहासिक शुरुआत के बावजूद महिला कर्मचारियों ने इसे लेकर विरोध भी किया. उनका कहना था कि डिपो में काम करने की शर्तें उचित नहीं हैं. महिला कर्मचारियों ने मंत्री कैलाश गहलोत से फिक्स सैलरी और फिक्स जॉब की मांग की. महिलाओं का आरोप था कि उन्हें कई किलोमीटर दूर से सुबह 6 बजे निकलना पड़ता है और फिर मुश्किल से समय पर ड्यूटी पर पहुंच पाती हैं. इसके अलावा, उन्हें वेतन और कामकाजी परिस्थितियों में सुधार की उम्मीद थी.

बस डिपो पर महिलाओं का विरोध प्रदर्शन (ETV Bharat)

ये भी पढ़ें:

परिवार चलाने के लिए प्रियंका ने थामी ट्रक की स्टेरिंग, अब प्रियंका चलाएंगी पिंक बस

जम्मू-कश्मीर की पहली महिला बस चालक बनीं पूजा

मंत्री कैलाश गहलोत ने आश्वासन दिया

विरोध के बावजूद, मंत्री कैलाश गहलोत ने उन्हें आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा और उन्हें बेहतर कार्य वातावरण प्रदान किया जाएगा. डीटीसी में कार्यरत महिलाओं ने इस दौरान जमकर विरोध प्रदर्शन किया. मंत्री कैलाश गहलोत ने जैसे ही हरी झंडी दिखाई, उसके बाद महिला कर्मचारीयो ने बसों के आगे बैठ गई. यह सिलसिला काफी देर तक चला. बाद में, महिलाओं ने अपना विरोध स्थगित कर दिया और डिपो का संचालन सुचारू रूप से शुरू हुआ.

महिलाओं ने जमकर किया विरोध प्रदर्शन
महिलाओं ने जमकर किया विरोध प्रदर्शन (ETV Bharat)
भारत का पहला महिला बस डिपो
पहले महिला बस डिपो की शुरुआत के दिन विरोध प्रदर्शन. (ETV Bharat)

याद रहे कि सरोजिनी नगर डिपो में महिला कर्मचारियों के लिए एक बड़ी सफलता और परिवर्तन की शुरुआत है, जो आने वाले समय में महिलाओं के लिए अन्य क्षेत्रों में भी रोजगार के नए अवसर पैदा कर सकता है.

ये भी पढ़ें:

जम्मू-कश्मीर की पहली महिला बस चालक बनीं पूजा

डीटीसी की महिला बस ड्राइवर दीपक बनीं लोगों के लिए प्रेरणा, डरते डरते किया था बस चलाने का फैसला

kamal Hasan ने कोयंबटूर की पहली महिला बस ड्राइवर को गिफ्ट की कार, कनिमोई टिकट विवाद के बाद छोड़ी थी नौकरी