कोटा में सेना ने संभाली कमान, मंत्री ट्रैक्टर से तो बिरला ट्रक से पहुंचे बाढ़ पीड़ितों के बीच, बचाव अभियान तेज
कोटा में प्रशासन ने सेना के साथ-साथ एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया है.

Published : August 22, 2025 at 6:57 PM IST
|Updated : August 22, 2025 at 7:04 PM IST
कोटा: पूरे कोटा संभाग में भारी बारिश जारी है. लगभग सभी नदियां उफान पर हैं. संभाग में अलग-अलग जगहों पर 2 से लेकर 8 इंच तक बारिश दर्ज की गई है, जिसके चलते कई इलाकों में भारी जलभराव की स्थिति हो गई है. कोटा जिले में सुल्तानपुर के नजदीक निमोद हरि जी में से बहने वाली खाड़ी का पानी गांव में घुस गया है, जिसमें लोग फंस गए. इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने सेना, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया है. लोगों को सुरक्षित निकालने का अभियान चलाया जा रहा है. हालात का जायजा लेने के लिए ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर, जिला कलेक्टर पीयूष समारिया और एसपी सुजीत शंकर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने ट्रैक्टर पर बैठकर अतिवृष्टि से प्रभावित दीगोद, निमोदा हरि जी और डूंगरज्या समेत अन्य गांवों का दौरा किया. वहीं, लोकसभा स्पीकर ओम बिरला भी आर्मी के ट्रक में सवार होकर हालात का जायजा लेने के लिए पहुंचे.
मंत्री हीरालाल नागर ने निचली बस्तियों के लोगों को बचाकर सामुदायिक भवनों या अन्य सुरक्षित स्थानों पर पनाह देने और बाढ़ पीड़ितों के लिए भोजन व आवास की व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए. जिले के दीगोद तहसील के निमाड़ा हरि जी में सेना के लेफ्टिनेंट आदित्य पचौरी के नेतृत्व में 80 जवान राहत एवं बचाव सामग्री के साथ पहुंच गए हैं. सैन्य अधिकारियों ने स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर हालात का जायजा लिया है. यह टीम लाइफ बोट और मेडिकल सुविधाओं के साथ तैनात की गई है. दूसरी ओर, सुबह से ही एसडीआरएफ की कंपनी कमांडर एकता हाड़ा के नेतृत्व में जवान अमीलाल और पूरी टीम रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी हुई है.
पढ़ें: कोटा संभाग में बाढ़ के हालात, कई रास्ते बंद और स्कूलों में छुट्टी
कोटा में भी रेस्क्यू अभियान: कोटा शहर में भी नगर निगम की गोताखोर टीम ने कौटिल्य नगर इलाके में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया, जहां से बुजुर्गों, बीमार महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित निकाला गया. इसके अलावा रायपुरा क्षेत्र से दो युवकों को भी बचाया गया है.

कोटा विश्वविद्यालय ने स्थगित की परीक्षा: भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए कोटा विश्वविद्यालय ने शनिवार को होने वाली सभी परीक्षाएं स्थगित कर दी हैं. विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक प्रवीण भार्गव ने बताया कि केवल शनिवार की तीनों पारियों की परीक्षाएं स्थगित की गई है. शेष परीक्षाएं पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार होंगी. स्थगित परीक्षाओं की नई तिथि शीघ्र ही जारी कर दी जाएगी. वहीं, बारां जिला कलेक्टर ने पहले ही शनिवार को छुट्टी घोषित कर रखी थी. कोटा जिला कलेक्टर ने भी शनिवार को छुट्टी घोषित कर दी है.
घंटों से बंद है बिजली, बहाली का काम जारी: बारां शहर के प्रताप चौक पर करीब चार से पांच फीट पानी जमा हो गया है. इसके अलावा शहर के निचले इलाके पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं, जिससे दुकानदारों को भी काफी नुकसान हुआ है. शहर की सहरिया और बंजारा बस्ती में काफी पानी भर गया है. मेल खेड़ी इलाके में जलभराव के कारण लोगों को भोजन और राशन की समस्या का सामना करना पड़ रहा है. स्थानीय समाजसेवी संस्थाएं वहां राशन सामग्री पहुंचा रही हैं और प्रशासन भी राहत कार्यों में जुटा हुआ है.

बारां में बिजली आपूर्ति भी बाधित: बारिश के चलते बारां में बिजली आपूर्ति बाधित है. 33 केवी के एक ग्रिड सब-स्टेशन (जीएसएस) में जलभराव के चलते बिजली कटौती की गई थी. अब तक 11 में से 9 जीएसएस की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई है. फिलहाल, रानीहेड़ा व सांकली जीएसएस से जुड़े गांवों हटवाड़ी, बिलानपुर, मालोती, अहमदा व खलदी में विद्युत आपूर्ति प्रभावित है, जहां मरम्मत का कार्य जारी है.

