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CUET-UG 2025: परीक्षा पैटर्न में बड़ा बदलाव, छात्रों को मिलेंगे नए विकल्प
सीयूईटी-यूजी परीक्षा अब सीबीटी मोड में होगी और छात्र कक्षा 12 में चयनित विषयों के अलावा किसी भी विषय के लिए टेस्ट दे सकेंगे.

Published : December 10, 2024 at 5:23 PM IST
नई दिल्ली: नए साल यानी 2025 से CUET-UG टेस्ट का आयोजन सिर्फ कंप्यूटर आधारित परीक्षा (CBT) के रूप में किया जाएगा. छात्र कक्षा 12 में चयनित विषयों के अलावा किसी भी विषय में प्रवेश के लिए परीक्षा दे सकेंगे. विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के चेयरमैन जगदीश कुमार ने मंगलवार को इस संबंध में जानकारी दी.
न्यूज एजेंसी पीटीआई से बातचीत में यूजीसी चेयरमैन कुमार ने कहा कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा गठित विशेषज्ञ पैनल ने परीक्षा की समीक्षा की और कई बदलावों का प्रस्ताव दिया. कुमार ने कहा कि हाइब्रिड मोड के बजाय 2025 से प्रवेश परीक्षा केवल CBT मोड में आयोजित की जाएगी. उन्होंने कहा, "हमने विषयों की संख्या भी 63 से घटाकर 37 कर दी है. हटाए गए विषयों के लिए प्रवेश सामान्य योग्यता परीक्षा (GAT) के अंकों के आधार पर आयोजित किए जाएंगे."
News Alert ! Here's what UGC chief Jagadesh Kumar said in an exclusive interview to @PTI_News
— Press Trust of India (@PTI_News) December 10, 2024
" students will be allowed to appear for cuet-ug in any subject irrespective of subjects studied in class 12."
"cuet-ug will only be conducted in computer based test (cbt) mode from… pic.twitter.com/qGkb9vtruD
उन्होंने कहा, "उम्मीदवारों को CUET-UG में उन विषयों को चुनने का भी विकल्प दिया जाएगा, जिन्हें उन्होंने कक्षा 12 में नहीं पढ़ा है, ताकि छात्रों को उच्च शिक्षा में कठोर अनुशासनात्मक सीमाओं को पार करने की इजाजत मिल सके."
CUET-UG 2025 को लेकर किए गए बदलावों के बारे में बताते हुए कुमार ने कहा कि छात्र अब अधिकतम पांच विषयों में CUET-UG के लिए उपस्थित हो सकेंगे, जबकि पहले छह विषयों के लिए प्रवेश परीक्षा दे सकते थे.
परीक्षा का समय एक समान किया गया
यूजीसी चेयरमैन ने कहा, "इसी तरह, परीक्षा का समय अब 60 मिनट निर्धारित किया गया है, जो पहले विषय के आधार पर 45 मिनट से 60 मिनट तक होता था. परीक्षा में वैकल्पिक प्रश्नों की व्यवस्था को भी खत्म कर दिया गया है और अब सभी प्रश्न अनिवार्य होंगे."
कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट के क्या फायदे हैं
यूजीसी ने कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET) को वर्ष 2022 से सभी केंद्रीय विश्वविद्यालयों में स्नातक (UG) कोर्स में प्रवेश के लिए शुरू किया गया था. सीयूईटी देश भर के छात्रों, खासकर ग्रामीण और अन्य दूरदराज के क्षेत्रों के अभ्यर्थियों को साझा मंच और समान अवसर प्रदान करता है और विश्वविद्यालयों में प्रवेश पाने में मददगार है. एक परीक्षा के जरिये उम्मीदवार विभिन्न केंद्रीय विश्वविद्यालयों में प्रवेश के लिए आवेदन करने में होते हैं.
पहले यह परीक्षा को सेंट्रल यूनिवर्सिटीज कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (CUCET) के नाम से जानी जाती थी. यह परीक्षा 2010 में सात केंद्रीय विश्वविद्यालयों में स्नातक, एकीकृत स्नातकोत्तर और डिप्लोमा/सर्टिफिकेट पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए शुरू की गई थी.
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